पशुपालन विभाग में दूर होगी स्टाफ की कमी, आयोग को भेजा प्रस्ताव
चंडीगढ़, 28 फ़रवरी (हि.स.)। हरियाणा के पशुपालन एवं डेयरी विभाग में लंबे समय से बनी स्टाफ की कमी अब दूर होने की दिशा में बढ़ती दिख रही है। विधानसभा में मुलाना की विधायक पूजा द्वारा पूछे गए सवाल के जवाब में पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्याम सिंह राणा ने बताया कि विभाग के विभिन्न पदों को भरने के लिए डिमांड हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (एचएसएससी) को भेज दी गई है।
आने वाले महीनों में बड़ी भर्ती प्रक्रिया शुरू हो सकती है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों तक पशु सेवाओं की उपलब्धता और विभागीय कामकाज में तेजी आ सकती है। पशुपालन विभाग में कुल 3963 पद खाली हैं। वेटरनरी डॉक्टर के 1184 स्वीकृत पदाें में से 167 खाली हैं। इसी तरह ग्रुप-ए के 70, ग्रुप-बी के 11, तृतीय श्रेणी के 881 और ग्रुप-डी यानी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के 2834 पद रिक्त हैं।
ग्रुप-डी में सबसे ज्यादा खाली पद होने से साफ है कि जमीनी स्तर पर काम करने वाला स्टाफ सबसे ज्यादा प्रभावित है। यही कारण है कि कई जिलों में कर्मचारियों की कमी से पशु उपचार सेवाएं बाधित होने की शिकायतें उठती रही हैं। पशुपालन मंत्री श्याम सिंह राणा के मुताबिक विभाग ने कई पदों पर भर्ती के लिए औपचारिक रूप से हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग को को प्रस्ताव भेज दिया है।
विभाग की ओर से आयोग को स्वीपर के 2200, स्टेनोग्राफर/स्टेनोटाइपिस्ट के 17 तथा क्लर्क के 22 पदों को भरने की डिमांड भेजी है। मंत्री ने बताया कि एचएसएससी ने स्टेनोग्राफर/टाइपिस्ट के 17 पदों का विज्ञापन जारी कर दिया है। बाकी पदों पर भर्ती संबंधी प्रक्रिया विचाराधीन है। विभाग के अनुसार कुल 1724 पद अब अगले चरण में जाने की प्रतीक्षा में हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा

