प्रतिबंधित पटाखों की दुकानें सील, सड़क किनारे बिक रहे पटाखे जब्त
नई दिल्ली, 05 नवंबर (हि.स.)। दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण, पर्यावरण संरक्षण और उच्चतम न्यायालय के निर्देशों के प्रभावी अनुपालन को लेकर राजस्व विभाग लगातार सख्त कदम उठा रहा है। इसी क्रम में प्रतिबंधित पटाखों की बिक्री और अवैध भंडारण पर रोक लगाने के लिए दिल्ली के विभिन्न बाजारों में विशेष निरीक्षण एवं जांच अभियान चलाया जा रहा है। इस दौरान नियमों का उल्लंघन कर पटाखे बेचने वाली दुकानों और उनके गोदामों पर कार्रवाई करते हुए उन्हें सील किया गया और सड़क किनारे पटाखे बेचने वालों से प्रतिबंधित सामग्री जब्त की गई।
सरकारी प्रवक्ता के मुताबिक उच्चतम न्यायालय के हालिया निर्देशों के अनुरूप प्रशासन द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि राजधानी में प्रतिबंधित पटाखों की बिक्री और भंडारण न हो तथा न्यायालय द्वारा जारी निर्देशों का पूरी तरह पालन किया जाए। सदर बाजार क्षेत्र में पुरानी दिल्ली के डीएम के नेतृत्व में निरीक्षण अभियान चलाया गया। इस दौरान दो दुकानों और उनके संबंधित गोदामों में प्रतिबंधित पटाखों की बिक्री तथा आवश्यक लाइसेंस के बिना कारोबार किए जाने की जानकारी सामने आई। प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दोनों दुकानों और उनके गोदामों को सील कर दिया है।
इसके अतिरिक्त सदर बाजार के तेलीवाड़ा चौक क्षेत्र में सड़क किनारे पटरी पर पटाखे बेचने वाले विक्रेताओं के खिलाफ भी कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान प्रतिबंधित पटाखे जब्त किए गए, ताकि अवैध बिक्री पर रोक लगाई जा सके और सार्वजनिक स्थानों पर नियमों का उल्लंघन न हो।
पुरानी दिल्ली के जामा मस्जिद क्षेत्र में भी चांदनी चौक के कार्यपालक मजिस्ट्रेट सहित एसडीएम द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान एक दुकान में ग्रीन पटाखों के साथ गैर-ग्रीन पटाखों की बिक्री किए जाने का मामला सामने आया। संबंधित अधिकारियों ने मौके पर कार्रवाई करते हुए दुकान को सील कर दिया। यह कार्रवाई न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन और प्रतिबंधित पटाखों की बिक्री पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई।
विभाग ने दिल्ली के सभी नागरिकों से अपील है कि वे दीपावली पर्व पूरे उत्साह, उल्लास और पारंपरिक श्रद्धा के साथ मनाएं, लेकिन न्यायालय द्वारा निर्धारित नियमों, अनुमत पटाखों (ग्रीन पटाखों) की श्रेणियों और समयसीमा का पूरी तरह पालन करें। प्रतिबंधित पटाखों की खरीद, बिक्री और उपयोग से बचें।
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हिन्दुस्थान समाचार / धीरेन्द्र यादव

