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कान्स फिल्म फेस्टिवल : वर्ल्ड प्रीमियर शो में शनिवार को जॉन अब्राहम की मलयालम फिल्म का होगा प्रदर्शन

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कान्स फिल्म फेस्टिवल : वर्ल्ड प्रीमियर शो में शनिवार को जॉन अब्राहम की मलयालम फिल्म का होगा प्रदर्शन


कान्स फिल्म फेस्टिवल : वर्ल्ड प्रीमियर शो में शनिवार को जॉन अब्राहम की मलयालम फिल्म का होगा प्रदर्शन


कान्स, 15 मई (हि.स.)। फ्रांस के प्रसिद्ध कान्स शहर में आयोजित हो रहे विश्व प्रसिद्ध 79वें कान्स फिल्म फेस्टिवल 2026 के वर्ल्ड प्रीमियर शो में शनिवार को जॉन अब्राहम की प्रसिद्ध मलयालम फिल्म 'अम्मा अरियान' का रेड कार्पेट प्रदर्शन होगा।

जॉन अब्राहम की प्रसिद्ध मलयालम फिल्म 'अम्मा अरियान' (रिपोर्ट टू मदर, 1986) को

फिल्म हेरिटेज फाउंडेशन, मुम्बई द्वारा 4के रिस्टोर्ड (पुनर्स्थापित) को 16 मई शनिवार को अपराह्न 3:45 बजे कान्स फिल्मोत्सव के बुनुएल थिएटर में दिखाया जाएगा। इस फिल्म को फिल्म हेरिटेज फाउंडेशन मुम्बई के संस्थापक निदेशक शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर, फिल्म के मुख्य अभिनेता जॉय मैथ्यू, सिनेमैटोग्राफर वेणु और संपादक बीना पॉल द्वारा प्रस्तुत किया जाएगा।

दक्षिणी राजस्थान के डूंगरपुर राज घराने से ताल्लुक रखने वाले शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर ने बताया कि फिल्म हेरिटेज फाउंडेशन द्वारा रिस्टोरेशन (पुनर्स्थापित) की गई फिल्म्स का लगातार पाँचवें वर्ष कान्स फिल्म फेस्टिवल में यह प्रीमियर शो हो रहा है। फिल्म हेरिटेज फाउंडेशन की पिछली रेस्टोरेशन्स फिल्म्स में 2022 और 2025 के बीच अरविंदन गोविंदान की 'थम्प', अरिबम श्याम शर्मा की 'ईशानो', श्याम बेनेगल की 'मन्थन' सत्यजीत रे की 'अरण्येर दिन रात्री' और सुमित्रा पेरिस की 'गेहनु लमई' फिल्मों का कान्स में रेड-कार्पेट वर्ल्ड प्रीमियर शो हो चुके हैं।

इस वर्ष कान्स में वर्ल्ड प्रीमियर के लिए चुनी गई एकमात्र भारतीय फीचर फिल्म जॉन अब्राहम की प्रसिद्ध मलयालम फिल्म 'अम्मा अरियान' (रिपोर्ट टू मदर, 1986) की 4के रिस्टोर्ड प्रति कांस क्लासिक्स सेक्शन में प्रदर्शित की जा रही है।

भारतीय सिनेमा की सबसे क्रांतिकारी आवाज़ों में से एक माने जाने वाले जॉन अब्राहम ने पारंपरिक कहानी कहने के तरीकों, सजी-धजी खूबसूरती और कमर्शियल ढाँचों को चुनौती देते हुए ऐसी फिल्में बनाईं जो कच्ची, सामूहिक और राजनीतिक रूप से चार्ज थीं।

वर्ष 2001 में ब्रिटिश फिल्म इंस्टीट्यूट ने इस फिल्म को अब तक की दस सबसे महान भारतीय फिल्मों की अपनी सूची में शामिल किया था। लेखक के.एम. सीथी ने अब्राहम के विज़न का सटीक वर्णन करते हुए कहा था, जॉन अब्राहम उन दुर्लभ लोगों में से थे, जिनके लिए सिनेमा सिर्फ़ एक कला नहीं, बल्कि प्रतिरोध, विचार और प्रेम का एक सार्वजनिक कार्य था।

शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर ने बताया कि 4के रेस्टोरेशन एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसमें पुरानी फ़िल्मों को डिस्प्ले के लिए साफ़ करने, उनकी मरम्मत करने और उन्हें बेहतर बनाने के लिए, उनके असली नेगेटिव को 4के रिज़ॉल्यूशन (आमतौर पर(3840टाइम्स 2160) पिक्सल) पर स्कैन किया जाता है।

उन्होंने बताया कि यह काफ़ी मेहनत वाला और अक्सर महंगा काम ($100,000+ प्रति फ़िल्म) होता है। इसके ज़रिए फ़िल्म के बारीक से बारीक डिटेल्स को वापस लाया जाता है। रंगों को ठीक किया जाता है और फ़िल्म में मौजूद धूल-कणों को हटाया जाता है। इस प्रक्रिया से एक ऐसी बेहतरीन क्वालिटी वाली तस्वीर तैयार होती है, जो अक्सर फ़िल्म के मूल थिएटर रिलीज़ की क्वालिटी से भी बेहतर होती है।

उल्लेखनीय है कि विश्व प्रसिद्ध कान्स फ़िल्म फेस्टिवल 2026 का 79वां आयोजन इस वर्ष 12 से 23 मई 2026 तक फ्रांस के शहर कान्स में आयोजित किया जा रहा है। इस बार उद्घाटन फिल्म “द इलेक्ट्रिक किस” का चयन किया गया था। 12 दिवसीय इस महोत्सव में दुनिया भर की प्रसिद्ध फिल्मों, कलाकारों, निर्देशकों तथा फिल्म उद्योग से जुड़ी जानी मानी हस्तियों की भागीदारी हो रही है। कई भारतीय कलाकार भी रेड कार्पेट पर नजर आ रहे हैं। इनमें आलिया भट्ट, ऐश्वर्या राय बच्चन, अदिति राव हैदरी और हुमा क़ुरैशी की रेड कार्पेट उपस्थिति इस वर्ष भी काफी चर्चा में है।

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हिन्दुस्थान समाचार / रामानुज शर्मा