उज्जैन में दोहरे हत्याकांड के दो फरार आरोपिताें का शॉर्ट एनकाउंटर, पुलिस की गाड़ी से कूदकर भागे, पैर में लगी गाेली
उज्जैन, 27 सितंबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन में गोरकर बंधुओं के चर्चित दोहरे हत्याकांड में फरार चल रहे दो आरोपियों को नीलगंगा पुलिस और साइबर टीम ने शनिवार देर रात करोहन क्षेत्र में मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, हिरासत में लेने के बाद दोनों आरोपियों ने पुलिस वाहन से कूदकर भागने का प्रयास किया और टीम पर पत्थर फेंके। इसके बाद आत्मरक्षा में की गई फायरिंग में दोनों के पैर में गोली लगी। घायल आरोपियों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों की पहचान जबरन कॉलोनी निवासी सोनू (35 वर्ष) पुत्र विजय बहादुर पासी और विजय उर्फ छोटू गोल्डन (30 वर्ष) पुत्र सीताराम सूर्यवंशी के रूप में हुई है। दोनों गोरकर बंधुओं की हत्या के मामले में लंबे समय से फरार थे। पुलिस को देर रात दोनों के करोहन क्षेत्र में छिपे होने की सूचना मिली थी। इसके बाद नीलगंगा पुलिस और साइबर टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और दोनों को हिरासत में लिया।
पुलिस वाहन से कूदे, पत्थर फेंकने का दावा
नीलगंगा थाना प्रभारी तरुण कुरील के मुताबिक, दोनों आरोपिताें को थाने लाया जा रहा था। इसी दौरान उन्होंने पुलिस वाहन से कूदकर भागने का प्रयास किया। पुलिस टीम ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो आरोपियों ने पत्थर फेंके। पुलिस के अनुसार, स्थिति को नियंत्रित करने और आत्मरक्षा में फायरिंग की गई, जिसमें दोनों आरोपियों के पैर में गोली लगी। इसके बाद उन्हें जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार जारी है।
18 जुलाई की रात हुआ था दोहरा हत्याकांड
नीलगंगा क्षेत्र में पासी और गोरकर परिवार के बीच पुरानी रंजिश बताई जा रही है। पुलिस के मुताबिक, होली के दौरान एक महिला को लेकर दोनों परिवारों के बीच विवाद हुआ था। इसी रंजिश के चलते 18 जुलाई की रात करीब 11 बजे दरबार फूड रेस्टोरेंट के सामने दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए थे। विवाद के दौरान लाठी-डंडे, तलवार और पत्थरों से हमला हुआ था। पुलिस के अनुसार, पासी परिवार की ओर से चार राउंड फायरिंग भी की गई। फायरिंग में लोकेश गोरकर को गोली लगी थी और उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। उसके बड़े भाई जय गोरकर और चचेरे भाई तपन को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान 19 जुलाई को जय ने भी दम तोड़ दिया था। इस तरह घटना में दो सगे भाइयों लोकेश और जय की मौत हुई थी।
मुख्य आरोपी समेत कई गिरफ्तार, तीन फरार थे
पुलिस ने घटना के अगले दिन मुख्य आरोपी नरेश पासी को गिरफ्तार किया था। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी के दौरान हुई कार्रवाई में वह भी घायल हुआ था। उसकी निशानदेही पर अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। वहीं सोनू पासी, विजय उर्फ छोटू गोल्डन समेत तीन आरोपी फरार चल रहे थे। इनमें से दो को अब पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
सोनू पर 14, विजय पर दो पुराने मामले
पुलिस के अनुसार, सोनू पासी के खिलाफ नीलगंगा और महाकाल थानों में हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट, जुआ, अवैध शराब, बलवा और हत्या सहित करीब 14 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं विजय उर्फ छोटू गोल्डन के खिलाफ पूर्व में पॉक्सो एक्ट, सड़क दुर्घटना और धमकी से संबंधित मामले दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। दोहरे हत्याकांड के मामले को मिलाकर उसके खिलाफ अब तीन मामले दर्ज बताए गए हैं।
पिता की मौत के बाद परिवार में अकेली मां
परिजन के मुताबिक, जय गोरकर की शादी करीब दो साल पहले हुई थी, जबकि लोकेश की शादी की बात चल रही थी। दोनों भाइयों के पिता का पहले ही निधन हो चुका था। घटना के बाद परिवार में उनकी मां अकेली रह गई हैं। दोनों भाइयों का पोस्टमॉर्टम के बाद एक साथ अंतिम संस्कार किया गया था। अंतिम यात्रा के दौरान पुलिस बल भी तैनात रहा था।
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हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे

