कानपुर सेंट्रल पर रेल सम्पत्ति चोरी का खुलासा, तीन गिरफ्तार
कानपुर, 03 मार्च (हि.स.)। कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर रेल सम्पत्ति चोरी के मामले में रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। आरपीएफ टीम ने चोरी गई सामग्री के साथ तीनों को रंगे हाथ दबोचा और पूछताछ के बाद मंगलवार को उन्हें न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया।
आरपीएफ प्रभारी एस.एन. पाटीदार ने बताया कि सोमवार देर रात लखनऊ लाइन पर स्थित आरएच-4 रिले रूम का ताला तोड़कर करीब 30 मीटर केबल और एक टीआरयू बॉक्स चोरी किए जाने की सूचना मिली थी। जानकारी मिलते ही आरपीएफ की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण शुरू किया। प्रारम्भिक जांच में चोरी की पुष्टि होने पर डॉग स्क्वॉड को भी बुलाया गया, जिसने आसपास के क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया।
जांच के दौरान रिले रूम में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। फुटेज में दो संदिग्ध युवक वारदात को अंजाम देते हुए स्पष्ट दिखाई दिए। इसके आधार पर अज्ञात आरोपितों के खिलाफ आरपीएफ पोस्ट कानपुर सेंट्रल में रेल सम्पत्ति (अवैध कब्जा) अधिनियम की धारा-3 तथा रेलवे अधिनियम की धारा 147 और 174 (सी) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की विवेचना उप निरीक्षक हरिश्चंद्र को सौंपी गई।
घटना के खुलासे के लिए निरीक्षक एस.एन. पाटीदार के निर्देशन में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर संदिग्धों की पहचान की और मंगलवार को लखनऊ लाइन पर मुरे कम्पनी पुल और जयपुरिया फाटक के बीच दबिश देकर दो आरोपितों नजमुल और शाह आलम को चोरी किए गए पैनल बॉक्स के साथ गिरफ्तार कर लिया। वहीं तीसरे आरोपित सैफुल को 30 मीटर चोरी की गई केबल के साथ पकड़ा गया।
तीनों आरोपितों को आरपीएफ पोस्ट लाकर पूछताछ की गई, जिसमें उन्होंने चोरी की वारदात कबूल कर ली। आरपीएफ ने लगभग 34 हजार रुपये मूल्य की रेल सम्पत्ति बरामद कर ली है। महज 24 घंटे से भी कम समय में मामले का खुलासा कर आरोपितों की गिरफ्तारी को आरपीएफ की बड़ी सफलता माना जा रहा है। आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप

