कनाडा का वीजा दिलवाने के नाम पर ठगी करने वाले तीन गिरफ्तार
नोएडा, 01 अक्टूबर (हि.स.)। थाना फेस-1 की पुलिस ने लोगों को कनाडा का वर्क वीजा दिलवाने का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर एक महिला समेत तीन लोगों को आज गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने पांच पीड़ितों से करीब सवा लाख रुपये ठग लिए थे। उनके पासपोर्ट जब्त करके 12.50 लाख रुपये की अवैध रूप से मांग कर रहे थे।
एडीसीपी नोएडा मनीषा सिंह ने गुरुवार काे बताया कि सेक्टर-2 स्थित एक प्राइवेट कंपनी में सुशांत गुप्ता नौकरी करते हैं। तीन जून को उनके कार्यालय पर अरमान नामक व्यक्ति आया। उसने कहा कि वह लोगों को कनाडा का वर्क वीजा दिलवाता है। इसके बाद वह लगातार अरमान के संपर्क में रहकर बात करते रहे। अरमान ने शिकायतकर्ता से कहा कि वह कनाडा में रहता है, इसलिए वह कनाडा में आसानी से वर्क वीजा दिलवा देगा। इसके बाद शिकायतकर्ता ने कंपनी में काम करने वाले सुखविंद्र सिंह, लवप्रीत सिंह, अर्जुन कुमार, विवेक वर्मा और सतीश से मिलवाया। पांचों लोगों ने वीजा के लिए आवेदन किया। इसके बाद आरोपी ने उनसे 25 हजार रुपये प्रति व्यक्ति वसूले। आरोपी ने दिल्ली के कनॉट पैलेस में पांचों लोगों का बॉयोमीट्रिक, वीएफएस ग्लोबल कराया। दिल्ली के लाजपत नगर स्थित अस्पताल में मेडिकल भी बनवाया। इसके एवज में आरोपी ने सात हजार रुपये खर्च कराए। यह प्रक्रिया पूरी होने के बाद आरोपी ने पांचों लोगों के पासपोर्ट अपने पास रख लिए। आरोपी ने कुछ दिन बाद पीपीआर लेटर दिया। यह लेटर कनाडा के दूतावास से आता है। आरोपी ने पासपोर्ट देने के बदले में 12.50 लाख रुपये की मांग शुरू कर दी, जबकि वह पूर्व में सवा लाख रुपये नकद दे चुके थे।
पीड़ितों ने पीपीआर लेटर का सत्यापन उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता और पीड़ितों ने मिलकर आरोपी को रुपये देने के लिए नोएडा के सेक्टर-2 स्थित कंपनी पर बुलाया। कार्यालय पर जैनिफर और आदर्श कैश लेने आ गए। संदेह होने पर आधा कार्ड मांगा तो दोनों लोग डर गए। आधार कार्ड से जांच करने पर पता चला कि जैनिफर का असली नाम पूजा महाजन है। वह मोहाली के सेक्टर-125 में रहने वाले लवीश महाजन की पत्नी है। दूसरे आरोपी आदर्श का असली नाम राहुल कुमार चौहान निवासी मोहनगार्डन दिल्ली है। दोनों आरोपियों को बातों में उलझाया और अरमान को भी इन लोगों की मदद से बुलवा लिया। अरमान पहुंचा तो उसकी असली पहचान संदीप सिंह निवासी जिला होशियारपुर पंजाब के रूप में हुई। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि तीनों लोग दिल्ली के एक होटल में ठहरे हैं। होटल के कमरे में उनके पासपोर्ट रखे हैं। शिकायतकर्ता ने तीनों आरोपियों को पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल सात मोबाइल फोन, एक थार गाड़ी, पांचों युवकों के पासपोर्ट बरामद कर लिया है।
हिन्दुस्थान समाचार / सुरेश चौधरी

