home page

फर्जी पहचान बनाकर शराब ठेके से 5 लाख रुपये से अधिक लेकर फरार आरोपित गिरफ्तार

 | 

छिंदवाड़ा, 6 जुलाई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में फर्जी पहचान के सहारे शराब ठेके पर नौकरी कर लाखों रुपये की गबन करने वाले आरोपित को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित ने खुद को हरियाणा निवासी हरभजन सिंह बताकर नौकरी हासिल की थी, लेकिन जांच में उसका असली नाम साबिर अली निकला। पुलिस ने आरोपित के कब्जे से नकली आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, नकदी, बैंक खाते की पासबुक और अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं।

पुलिस के अनुसार 28 जून को शराब ठेकेदार कवंजीत सिंह बेदी ने कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि खमारपानी, बिछुआ, उमेगांव और बिसापुर शराब दुकानों की बिक्री से प्राप्त 5.46 लाख रुपये कार्यालय में जमा कराने के लिए कर्मचारी हरभजन सिंह उर्फ हरभेज सिंह को दिए गए थे, लेकिन वह रकम लेकर फरार हो गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए नगर पुलिस अधीक्षक अजय राणा और थाना प्रभारी आशीष कुमार धुर्वे के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने हिसार, रुद्रपुर, लुधियाना और चंडीगढ़ सहित कई स्थानों पर तलाश के बाद आरोपित को चंडीगढ़ से गिरफ्तार किया।

पूछताछ और तलाशी के दौरान आरोपित के पास से दो अलग-अलग आधार कार्ड मिले। एक आधार कार्ड पर उसका नाम हरभजन सिंह जबकि दूसरे पर साबिर अली दर्ज था। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि उसका वास्तविक नाम साबिर अली (44 वर्ष) है और वह उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर जिले का निवासी है।

आरोपित ने बताया कि बचपन में माता-पिता की मृत्यु के बाद वह सिख परिवारों के बीच रहा, जिससे उसने पंजाबी भाषा सीखी। इसी का फायदा उठाकर उसने कुछ वर्ष पहले हरभजन सिंह के नाम से फर्जी आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस बनवाया तथा उसी पहचान के आधार पर छिंदवाड़ा में नौकरी हासिल कर ली।

पुलिस के अनुसार गबन की गई रकम में से आरोपित ने मोबाइल फोन खरीदने, महंगे होटलों में ठहरने और घूमने-फिरने पर बड़ी राशि खर्च कर दी। उसके बैंक खाते में लगभग दो लाख रुपये और 17 हजार रुपये नकद बरामद हुए हैं। इसके अलावा दो मोबाइल फोन, नकली पहचान पत्र, शराब भट्टी के वाउचर और अन्य दस्तावेज भी जब्त किए गए हैं।

जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपित के खिलाफ पंजाब के भटिंडा और हरियाणा के हिसार में एनडीपीएस अधिनियम के तहत दो आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं। पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है तथा यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपित ने फर्जी पहचान का इस्तेमाल कर अन्य स्थानों पर भी इसी तरह की वारदातें तो नहीं की हैं।

हिन्दुस्थान समाचार / sandeep chowhan