42 लाख की बैंक लूट मामला: रेकी करने वाली प्रेमिका गिरफ्तार
जयपुर, 16 सितंबर (हि.स.)। रामनगरिया थाना पुलिस ने अक्षय पात्र मंदिर के पास बैंक ऑफ इंडिया के एटीएम से कैश निकालकर ले जा रहे कर्मचारियों से हथियार की नोक पर हुई 41.70 लाख रुपए की लूट मामले में वारदात की रेकी करने वाली युवती अंशु कुमारी जाटव (22) को गिरफ्तार कर उसके किराए के कमरे से लूट की रकम में से 26.80 लाख रुपए बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार वारदात में बैंक के ही एक कर्मचारी की भूमिका भी संदिग्ध है। उसने बदमाशों को बैंक से कैश ले जाने की अंदरूनी जानकारी दी थी। पुलिस फरार तीन अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है।
डीसीपी जयपुर पूर्व रंजीता शर्मा ने बताया कि 14 सितंबर की सुबह दो बाइक सवार बदमाशों ने अक्षय पात्र मंदिर के पास बैंक ऑफ इंडिया के एटीएम से कैश लेकर निकल रहे कर्मचारियों को हथियार दिखाकर रोका और उनसे कैश से भरा बैग छीनकर फरार हो गए थे। दिनदहाड़े हुई वारदात से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए रामनगरिया थानाधिकारी अनिल कुमार टेलर और प्रताप नगर थानाधिकारी विक्रांत शर्मा और जिला विशेष टीम (डीएसटी) को शामिल कर विशेष टीम गठित की गई। जहां पुलिस टीम ने वारदात के बाद बदमाशों के भागने के संभावित रास्तों को चिह्नित कर करीब 1000 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज के आधार पर बदमाशों के आने-जाने का रूट मैप तैयार किया गया। पुलिस के मुताबिक एटीएम से कैश निकालने का समय पहले से तय नहीं रहता था। ऐसे में पुलिस को आशंका हुई कि वारदात से पहले बदमाशों ने रेकी की होगी।
सीसीटीवी फुटेज में घटनास्थल के आसपास एक युवती की गतिविधियां संदिग्ध नजर आईं। इसके बाद पुलिस टीम ने युवती की गतिविधियों पर निगरानी रखी और उसकी पहचान अंशु कुमारी जाटव निवासी नदबई जिला भरतपुर के रूप में की। वह वर्तमान में रामनगरिया में किराए के कमरे में रह रही थी।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि अंशु पर कर्ज हो गया था। कर्ज चुकाने के लिए उसने अपने बॉयफ्रेंड मस्तराम मीणा निवासी मासलपुरा जिला करौली और उसके दो साथियों पुष्पेंद्र उर्फ पुस्सी तथा सुमित जंगम के साथ मिलकर लूट की साजिश रची।
पुलिस के अनुसार अंशु के बॉयफ्रेंड को बैंक के एक कर्मचारी ‘मीणा जी’ ने बैंक से कैश ले जाने की जानकारी दी थी। कर्मचारी ने बताया था कि एटीएम से रोजाना कैश निकाला जाता है। कैश लाने-ले जाने के लिए अक्सर महिलाएं आती हैं और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं रहते। इसके बाद अंशु ने वारदात से एक दिन पहले एटीएम और आसपास के इलाके की रेकी की।
14 सितंबर की सुबह जैसे ही बैंक कर्मचारी कैश लेकर एटीएम से बाहर निकले। अंशु ने फोन के जरिए अपने साथियों को इसकी सूचना दे दी। सूचना मिलते ही दो बदमाश बाइक पर पहुंचे और पिस्टल दिखाकर कर्मचारियों से कैश लूट लिया। इसके बाद दोनों कुछ दूरी पर कार लेकर खड़े तीसरे साथी के पास पहुंचे।
पुलिस की नाकाबंदी से बचने के लिए बदमाशों ने लूटी गई रकम बाइक से कार में स्थानांतरित कर दी। इसके बाद रकम को दो हिस्सों में बांटा गया। एक हिस्सा अंशु के श्रीकिशनपुरा स्थित किराए के कमरे में रखे सूटकेस में छिपा दिया गया, जबकि दूसरा हिस्सा लेकर उसके साथी फरार हो गए।
पुलिस ने अंशु को गिरफ्तार कर उसके कमरे की तलाशी ली। वहां रखे सूटकेस से 26 लाख 80 हजार रुपए बरामद किए गए। पुलिस अब मस्तराम मीणा, पुष्पेंद्र उर्फ पुस्सी और सुमित जंगम की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। साथ ही बैंक कर्मचारी की भूमिका और उसके द्वारा दी गई जानकारी की भी जांच की जा रही है।
पुलिस फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ लूट की शेष रकम बरामद करने और वारदात में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश

