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नाकाबंदी तोड़ी, स्टॉप स्टिक भी लांघी... लेकिन पंचर ने खोल दिया नशे के कारोबार का राज

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नाकाबंदी तोड़ी, स्टॉप स्टिक भी लांघी... लेकिन पंचर ने खोल दिया नशे के कारोबार का राज


नाकाबंदी तोड़ी, स्टॉप स्टिक भी लांघी... लेकिन पंचर ने खोल दिया नशे के कारोबार का राज


भीलवाड़ा, 21 अगस्त (हि.स.)। रात का सन्नाटा... सड़क पर तेज रफ्तार से दौड़ती दो संदिग्ध गाड़ियां... सामने पुलिस की नाकाबंदी और फिर बैरियर तोड़कर भागने की कोशिश। बदमाशों ने पुलिस को चकमा देने के लिए पूरी ताकत झोंक दी, लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया। कुछ दूर जाकर दोनों वाहनों में से एक के पंचर होते ही तस्करों का पूरा खेल खुल गया। अंधेरे का फायदा उठाकर बदमाश मौके से फरार हो गए, लेकिन उनकी गाड़ियों में छिपा 753 किलो 550 ग्राम डोडा-पोस्त और 6 किलो 420 ग्राम अफीम पुलिस के हाथ लग गई।

डीएसटी भीलवाड़ा और थाना फुलियाकलां पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में सामने आए इस बड़े नशे के खेल ने इलाके में खलबली मचा दी है। पुलिस ने मादक पदार्थों के साथ तस्करी में प्रयुक्त एक स्कॉर्पियो और एक क्रेटा कार, विभिन्न नंबरों की फर्जी नंबर प्लेटें भी जब्त की हैं। पुलिस के अनुसार बरामद डोडा-पोस्त की अनुमानित अंतरराष्ट्रीय कीमत करीब एक करोड़ 12 लाख रुपए, जबकि अफीम की कीमत करीब 30 लाख रुपए आंकी गई है। यानी जब्त मादक पदार्थ की कुल अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 42 लाख रुपए है।

शाहपुरा की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अंजुम कायल ने पत्रकार वार्ता में कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने आदर्श चुनाव आचार संहिता के मद्देनजर अवैध मादक पदार्थों और तस्करों के खिलाफ अभियान तेज कर रखा है। इसी क्रम में डीएसटी भीलवाड़ा और थाना फुलियाकलां पुलिस ने संयुक्त रूप से यह बड़ी कार्रवाई की।

पुलिस के अनुसार 20 अगस्त 2026 की रात डीएसटी के हैडकांस्टेबल कालूराम दायल को मुखबिर से खास सूचना मिली। सूचना थी कि शाहपुरा की ओर से दो गाड़ियों में कुछ संदिग्ध और बदमाश प्रवृत्ति के लोग तेज रफ्तार से गुलाबपुरा की तरफ जा रहे हैं। आशंका जताई गई कि ये लोग किसी गंभीर वारदात को अंजाम दे सकते हैं।

सूचना मिलते ही डीएसटी टीम सक्रिय हो गई और ग्राम कोठिया में नाकाबंदी कर दी गई। कुछ देर बाद शाहपुरा की तरफ से दो गाड़ियां आती दिखाई दीं। पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन वाहन चालकों ने रुकने के बजाय नाकाबंदी तोड़ दी और गुलाबपुरा की ओर तेज गति से भाग निकले।

पुलिस ने भी पीछा शुरू कर दिया। बदमाशों की रफ्तार देखकर पुलिस ने दूसरी पार्टी को भी अलर्ट किया। दूसरी टीम ने सड़क पर स्टॉप स्टिक लगा दी, लेकिन वाहन चालकों ने वहां भी रुकने के बजाय स्टॉप स्टिक को पार कर भागने की कोशिश की। पुलिस के लिए यह साफ संकेत था कि गाड़ियों में कुछ ऐसा जरूर है, जिसे लेकर बदमाश किसी भी हद तक भागने को तैयार थे।

पुलिस का पीछा जारी रहा। कुछ दूरी पर कोठिया गांव से गुलाबपुरा की तरफ जाते समय दोनों गाड़ियां पंचर हो गईं। इसके बाद बदमाशों के सामने भागने का रास्ता बंद हो गया। उन्होंने वाहन छोड़कर अंधेरे का फायदा उठाया और मौके से फरार हो गए।

सूचना मिलते ही थाना फुलियाकलां पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने आसपास के इलाके में काफी देर तक संदिग्धों की तलाश की, लेकिन अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हुए बदमाश हाथ नहीं आए। हालांकि, पुलिस के हाथ ऐसी चीज लग गई, जिसने पूरी कार्रवाई को बड़ी सफलता में बदल दिया।

जब पुलिस ने दोनों वाहनों की तलाशी ली तो भारी मात्रा में अवैध मादक पदार्थ बरामद हुआ। गाड़ियों से 753 किलो 550 ग्राम डोडा-पोस्त तथा 6 किलो 420 ग्राम अफीम बरामद की गई। इसके अलावा वाहनों में विभिन्न नंबरों की फर्जी नंबर प्लेटें भी मिलीं।

करोड़ों का माल, लाखों की गाड़ियां और फर्जी नंबर प्लेट-

पुलिस ने कार्रवाई में 753 किलो 550 ग्राम डोडा-पोस्त जब्त किया, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 12 लाख रुपए बताई गई है। वहीं 6 किलो 420 ग्राम अवैध अफीम की कीमत करीब 30 लाख रुपए आंकी गई है।

नशे के इस काफिले में इस्तेमाल की जा रही स्कॉर्पियो कार की अनुमानित कीमत करीब 25 लाख रुपए और क्रेटा कार की कीमत करीब 20 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने दोनों वाहनों को भी जब्त कर लिया है। वाहनों से बरामद अलग-अलग नंबरों की फर्जी नंबर प्लेटों ने पुलिस के शक को और मजबूत कर दिया है कि तस्कर पुलिस और अन्य एजेंसियों की नजर से बचने के लिए वाहनों की पहचान बदलने का तरीका अपना रहे थे।

पुलिस ने इस मामले में प्रकरण संख्या 188/2026 धारा 8/15 एवं 8/18 एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज किया है। मामले का अनुसंधान पुलिस निरीक्षक लीलाबर मालवीय, थानाधिकारी शाहपुरा के जिम्मे किया गया है। अब पुलिस का अगला फोकस उन लोगों तक पहुंचना है, जो इस पूरे नशे के नेटवर्क के पीछे हैं।

मौके से बदमाशों के फरार होने के बाद पुलिस ने आसपास के क्षेत्रों में तलाश शुरू कर दी है। जब्त वाहनों, फर्जी नंबर प्लेटों और बरामद मादक पदार्थों के आधार पर पुलिस तस्करी के पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। यह भी पता लगाया जाएगा कि इतनी बड़ी मात्रा में डोडा-पोस्त और अफीम कहां से लाई गई थी और इसे कहां पहुंचाया जाना था।

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हिन्दुस्थान समाचार / मूलचंद