नागदा अग्निकांड: युवक की मौत के बाद अस्पताल में हंगामा, समझाइश के बाद हुआ अंतिम संस्कार
नागदा, 07 मई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले के नागदा के इंद्रपुरी क्षेत्र में हुए दर्दनाक अग्निकांड के बाद गुरुवार सुबह अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा देखने को मिला। आग की घटना में मृत युवक अनिल के परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया और अस्पताल परिसर में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
परिजनों की मांग थी कि उज्जैन में उपचाररत अनिल की पत्नी और सास को पहले नागदा लाया जाए, उसके बाद ही अंतिम संस्कार किया जाएगा। परिजनों ने आरोप लगाया कि अनिल की पत्नी, सास और अन्य लोगों ने मिलकर उसकी हत्या की है। उनका कहना था कि अनिल लंबे समय से पारिवारिक प्रताड़ना से परेशान था और करीब एक माह पहले उसने थाने में शिकायत आवेदन भी दिया था, लेकिन पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला अस्पताल पहुंचे अधिकारियों ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे अपनी मांग पर अड़े रहे। बाद में मंडी थाना प्रभारी अमृतलाल गवरी ने मोर्चा संभाला और काफी देर तक चली समझाइश के बाद परिजन शांत हुए। इसके बाद युवक का अंतिम संस्कार किया गया।
गौरतलब है कि बुधवार रात करीब 9 बजे घरेलू विवाद के दौरान अनिल कथित रूप से पेट्रोल लेकर घर पहुंचा था। आरोप है कि उसने पत्नी तनु, सास कालीबाई और पास में खेल रही ढाई वर्षीय बच्ची दिशा पर पेट्रोल डाल दिया। आग लगने से अनिल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पत्नी, सास और मासूम बच्ची गंभीर रूप से झुलस गईं। तीनों का उपचार उज्जैन के आरडी गार्डी मेडिकल कॉलेज में जारी है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, अनिल नागदा बायपास स्थित एक पेट्रोल पंप से पेट्रोल लेकर घर पहुंचा था। घटना के दौरान पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदार की बच्ची भी आग की चपेट में आ गई।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मामला आत्मघाती कदम का था या घटना में किसी अन्य की भूमिका भी रही है।
हिन्दुस्थान समाचार / कैलाश सनोलिया

