देहरा पुलिस ने मंदिर में हुई चोरी की घटना दो घंटे में सुलझाई, आरोपी गिरफ्तार
धर्मशाला, 22 मई (हि.स.)। पुलिस जिला देहरा के अंतर्गत पुलिस थाना डाडासीबा पुलिस ने क्षेत्र के एक मंदिर में हुई चोरी की गुत्थी को महज दो घंटों के भीतर सुलझाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के घर से चोरी किए हुए आभूषण और अन्य सामान भी बरामद कर लिया गया है। पुलिस टीम की मुस्तैदी और सूझबूझ से शेरावाली माता मंदिर में हुई चोरी की घटना का मात्र दो घंटे के भीतर सफलतापूर्वक खुलासा किया गया।
एसपी देहरा मयंक चौधरी ने बताया कि शुक्रवार सुबह पुलिस थाना डाडासीबा की टीम आरा चौक के पास नियमित गश्त ड्यूटी पर मौजूद थी। इसी दौरान मंदिर के पुजारी बलदेव पुत्र स्वर्गीय हरि सिंह निवासी वार्ड नम्बर 7, नंगल चौक, डाकघर एवं तहसील डाडासीबा ने पुलिस टीम को सूचना दी कि जब वह प्रातः लगभग 5:30 बजे मंदिर में पूजा-अर्चना हेतु पहुंचे, तो मंदिर परिसर में माता के आभूषण सहित अन्य कीमती सामान चोरी हो गया था।
शिकायतकर्ता के अनुसार चोरी हुए सामान में सोने की नथ, कृत्रिम आभूषण, मंगलसूत्र, गले का हार, पीली धातु का लॉकेट, झुमके, साड़ी, चुनरी, नकद राशि लगभग 500 से 700 तथा माता जी के श्रृंगार एवं सजावट से संबंधित अन्य सामान शामिल थे। चोरी हुए सामान की कुल अनुमानित कीमत लगभग एक लाख 10 हजार 500 रुपये आंकी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस थाना डाडासीबा द्वारा वरिष्ठ अधिकारियों के दिशा-निर्देशन में बिना विलंब मंदिर परिसर का निरीक्षण किया गया तथा तकनीकी एवं स्थानीय स्तर पर गहन जांच आरंभ की गई। जांच के दौरान पुलिस को एक संदिग्ध व्यक्ति लक्की नामक युवक पर संदेह हुआ। तत्परता से कार्यवाही करते हुए पुलिस टीम द्वारा उसके घर पर दबिश दी गई तथा उसे पूछताछ हेतु हिरासत में लिया गया। पूछताछ के दौरान उक्त व्यक्ति चोरी किए गए सामान के संबंध में कोई संतोषजनक उत्तर प्रस्तुत नहीं कर पाया। इसके उपरांत स्वतंत्र गवाहों की उपस्थिति में उसके घर की तलाशी ली गई, जिसमें शेरावाली माता मंदिर से चोरी किया गया समस्त सामान एवं आभूषण बरामद किए गए। शिकायतकर्ता द्वारा बरामद सामान की पहचान मंदिर के सामान के रूप में की गई।
एसपी ने बताया कि इस संबंध में आरोपी के खिलाफ पुलिस थाना डाडासीबा में मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है तथा चोरी हुए सामान की बरामदगी भी की गई है।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया

