भंडारे में गाड़ी निकालने पर विवाद, पूर्व उपसभापति ने पिस्टल अड़ाकर धमकाने का लगाया आरोप
चमनगंज में प्रसाद वितरण के दौरान चार पहिया वाहन निकालने को लेकर हुई घटना, वीडियो वायरल
झांसी, 28 सितंबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के झांसी में सीपरी बाजार थाना क्षेत्र के चमनगंज में गणेश उत्सव के बाद आयोजित भंडारे के दौरान चार पहिया वाहन निकालने को लेकर विवाद हो गया। वाहन रोकने को लेकर शुरू हुआ विवाद मारपीट तक पहुंच गया। भाजपा पार्षद बंटी बुंदेला ने वाहन सवार युवक और उसके साथियों पर मारपीट करने तथा पिस्टल अड़ाकर धमकाने का आरोप लगाया है। दोनों पक्षों की ओर से पुलिस को शिकायत दी गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। फिलहाल एक दिन बाद अब सोशल मीडिया पर घटना का वीडियो जमकर वायरल हो रहा है।
सीपरी बाजार थाना क्षेत्र के चमनगंज की केवल दुग्ध वाली गली में कई वर्षों से गणेश उत्सव का आयोजन होता आ रहा है। इस वर्ष भी आयोजक समिति ने गणेश प्रतिमा स्थापित की थी। रविवार को प्रतिमा विसर्जन के बाद भंडारा प्रसाद वितरण का कार्यक्रम चल रहा था।
देर रात भंडारा स्थल से चार पहिया वाहन निकालने का प्रयास किया गया। आयोजकों ने भीड़ और भंडारे के चलते वाहन निकालने से मना किया। इसी बात को लेकर वाहन सवार युवक और आयोजकों के बीच कहासुनी हो गई। विवाद बढ़ने पर दोनों पक्षों में हाथापाई हो गई।
इसी दौरान क्षेत्रीय भाजपा पार्षद बंटी बुंदेला भी मौके पर पहुंचे। आरोप है कि वाहन सवार युवक ने अपने कुछ साथियों को बुला लिया, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद और बढ़ गया। सूचना मिलने पर सीपरी बाजार थाने का पुलिस बल मौके पर पहुंचा और दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराया।
बाद में पार्षद बंटी बुंदेला ने पुलिस को शिकायती आवेदन देकर वाहन सवार युवक और उसके साथियों पर मारपीट करने तथा पिस्टल अड़ाकर धमकाने का आरोप लगाया। दूसरे पक्ष की ओर से भी पुलिस को शिकायत दी गई है।
इनका है कहना
इस संबंध में सीओ सिटी प्रिया सिंह ने बताया कि घटना के संबंध में पार्षद द्वारा शिकायती पत्र दिया गया है। मामला दर्ज किया जा रहा है। आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा।
पूर्व उपसभापति से मारपीट का 24 घंटे बाद भी थाना प्रभारी को नहीं जानकारी
इस संबंध में जब थाना प्रभारी के सीयूजी नम्बर पर फोन लगाया गया तो उन्होंने बताया कि उनके संज्ञान में नहीं है। एक जनप्रतिनिधि पूर्व उपसभापति के साथ मारपीट की पुलिस को जानकारी न होना अपने आप मे बड़ी विडंबना है। साथ ही पुलिस की कार्यप्रणाली व कानून व्यवस्था पर प्रश्नचिन्ह खड़ा करती नजर आती है।
हिन्दुस्थान समाचार / महेश पटैरिया

