एसएसपी आवास के पास वसीयत कर अरबों की जमीन पर फर्जीवाड़ा, 17 लोगों पर मुकदमा दर्ज
झांसी, 24 जून (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के झांसी शहर के पॉश सिविल लाइन क्षेत्र में स्थित इलाहाबाद बैंक चौराहे के पास करीब दो हेक्टेयर भूमि को लेकर सामने आए कथित भूमि घोटाले ने प्रशासनिक और राजस्व महकमे में हलचल मचा दी है। एसएसपी आवास के समीप स्थित इस बहुमूल्य भूमि के मामले में थाना नवाबाद में 17 लोगों के विरुद्ध धोखाधड़ी, जालसाजी और कूटरचना की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
मध्य प्रदेश के जिला नर्मदापुरम (पूर्व होशंगाबाद) के पिपरिया निवासी एवं वर्तमान में इलाहाबाद बैंक चौराहा, झांसी निवासी राघवेन्द्र कुमार पालीवाल ने पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि उनकी सिविल लाइन स्थित भूमि, खाता संख्या 52 की आराजी संख्या 294 रकबा 1.668 हेक्टेयर तथा खाता संख्या 45 की आराजी संख्या 287 रकबा 0.332 हेक्टेयर पर कूटरचित दस्तावेजों और फर्जी वसीयत के आधार पर कब्जा कर लिया गया।
शिकायत के अनुसार भूमि के वास्तविक स्वामी की मृत्यु के बाद कथित रूप से फर्जी वसीयत तैयार की गई और उसी के आधार पर बैनामा कराकर राजस्व अभिलेखों में दाखिल-खारिज भी करा लिया गया। वादी का आरोप है कि मात्र 30 रुपये के स्टाम्प पर तैयार की गई वसीयत को आधार बनाकर पूरी प्रक्रिया को अंजाम दिया गया।
तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि विवादित भूमि के समीप स्थित एक अन्य भूखंड का पट्टा लगभग 70 वर्ष पूर्व फ्रेनी वायस के पूर्वजों को आवंटित किया गया था। वादी का दावा है कि उक्त पट्टे की भूमि के विक्रय का अधिकार न तो फ्रेनी वायस को था और न ही उनके पति स्वर्गीय फिरोज एडलजी अथवा उनके पूर्वजों को प्राप्त था। इसके बावजूद कथित रूप से उस भूमि का विक्रय कर दिया गया। शिकायतकर्ता का कहना है कि स्वर्गीय फिरोज एडलजी और उनकी पत्नी फ्रेनी वायस के पास बाद में किसी प्रकार का भूमि स्वामित्व अथवा रकबा शेष नहीं था।
शहर के अत्यंत महत्वपूर्ण क्षेत्र से जुड़े इस प्रकरण ने भूमि अभिलेखों, रजिस्ट्री व्यवस्था और राजस्व तंत्र की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
इस संबंध में नवाबाद थाना प्रभारी रवि श्रीवास्तव ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए 17 लोगों को नामजद करते हुए भारतीय न्याय संहिता की धोखाधड़ी, जालसाजी और कूटरचना से संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
एफआईआर में नेविल रौनी डिक्क, रवि राय, संजय राय, आशुतोष राय, अमित सिंह, शैली राय, नरेन्द्र कौशिक, मयूर अग्रवाल, सुमित राय, रजत गुप्ता, ऋषभ राय, संजय निगम, फिरदौस पी. भागलिया, विनोद कुमार प्रजापति, फर्रुख पेस्टनजी, मोना हाण्डा सहित कुल 17 लोगों को नामजद किया गया है।
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हिन्दुस्थान समाचार / महेश पटैरिया

