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उज्जैन में ज्वाइंट सेकेट्री बनकर अधिकारियों पर झाड़ा रौब, सच्चाई सामने आई तो जोडऩे लगा हाथ

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उज्जैन में ज्वाइंट सेकेट्री बनकर अधिकारियों पर झाड़ा रौब, सच्चाई सामने आई तो जोडऩे लगा हाथ


उज्जैन में ज्वाइंट सेकेट्री बनकर अधिकारियों पर झाड़ा रौब, सच्चाई सामने आई तो जोडऩे लगा हाथ


उज्जैन, 12 अप्रैल (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन में दिल्ली निवासी एक शातिर युवक ने स्वयं को केंद्र सरकार का ज्वाइंट सेकेट्री बताकर सर्किट हाउस में 2 कमरे बुक करवाए और महाकालेश्वर मंदिर में भस्म आरती के लिए विशेष व्यवस्था के लिए दबाव बनाया। सर्किट हाउस के कर्मचारियों को उसकी हरकतों पर शंका हुई तो उन्होने तत्काल दिल्ली स्थित मंत्रायल से जानकारी ली। इसके बाद युवक का फर्जीवाडा पकड़ाया। कर्मचारियों ने उसे पुलिस के हवाले कर दिया।

महाकाल थाना पुलिस ने बताया कि अतुल पिता राजीव रंजन कुमार निवासी द्वारिकापुरी दिल्ली 6 अप्रैल को जिला सहायक सत्कार अधिकारी सुरभित सिंह को फोन लगाकर 11 अप्रैल शनिवार को सर्किट हाउस में 2 कमरे बुक करने और 12 अप्रैल रविवार को भस्म आरती के लिए विशेष व्यवस्था करने को कहा। शनिवार शाम अतुल कुमार अपने दोस्त और परिवार के साथ सर्किट हाउस पहुंच गया। यहां पर कर्मचारी और अधिकारियों पर रोब झाडते हुए उसने वीआईपी सुविधा लेने का प्रयास किया। कर्मचारियों को उसकी हरकतों पर शंका हुई। उन्होने अतुल से उसका परिचय पत्र मांगा। अतुल लगातार टालमटोल करता रहा। कर्मचारियों ने संबंधित मंत्रालय से संपर्क कर जानकारी ली तो स्पष्ट हुआ कि वह किसी भी उच्च पद पर पदस्थ नहीं है।

ज्वाइंट सेकेट्री बताकर बनाया दबाव

पुलिस ने बताया कि अतुल शनिवार को सर्किट हाउस पहुंच गया था। उसके साथ कुछ लोग भी थे। कमरे बुक करवाने के पहले उसने खुद को मिनिस्ट्री सिविल एवीएशन का ज्वाइंट सेकेट्री बताया था। लेकिन जब वह देवास रोड स्थित सर्किट हाउस पहुंचा तो स्टॉफ ने उससे विभाग का आईडी मांगा। लेकिन वह आईडी दिखा नहीं पाया। जिसके बाद कर्मचारियों ने मिनिस्ट्री सिविल एवीएशन में संपर्क कर जांच की तो पता चला की अतुल नाम का कोई भी व्यक्ति वहां पदस्थ नहीं है।

कर्मचारियों को हुई शंका तो बुलाई पुलिस

सर्किट हाउस कर्मचारियों को इस बात की पुष्टि हो गई की अतुल फर्जी अधिकारी बनकर वीआईपी सुविधा लेने का प्रयास कर रहा है तो उन्होने तत्काल सहायक सत्कार अधिकारी को इसकी सूचना दी। जिसके बाद अतुल को देर रात महाकाल थाना पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस द्वारा की गई पूछताछ में अतुल ने हाईकोर्ट रजिस्ट्रार के नाम से भी पत्र भेजने की बात स्वीकार की है। पूछताछ के दौरान वह लगातार पुलिस अधिकारियों पर दबाव बनाने का प्रयास करता रहा। इस दौरान उसने अपने परिवार में आईएएस अधिकारी होने का हवाला देकर भी प्रभाव बनाने की कोशिश की थी।

पूछताछ चल रही,जल्द होगा पर्दाफाश

इस संबंध में चर्चा करने पर महाकाल थाना प्रभारी गगन बादल ने बताया कि पुलिस जांच के दौरान सामने आया कि अतुल पहले भी इस प्रकार से कई जिलों में ठगी कर चुका है। पुलिस ने उसके खिलाफ धारा 204, 319(2) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज किया है। आरोपी अतुल दिल्ली में ही किसी सुरक्षा कंपनी में सुपरवाईजर के पद पर काम कर चुका है। इसलिए वह स्वयं को आईएएस अधिकारी बताकर लोगों के साथ ठगी करता है। फिलहाल उसके खिलाफ जांच की जा रही है।

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हिन्दुस्थान समाचार / ललित ज्‍वेल