राजगढ़ में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के घर लाखों की लूट, चाकू की नोक पर बंधक बनाकर नकदी और जेवर ले गए बदमाश
राजगढ़, 01 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के खिलचीपुर थाना क्षेत्र में शनिवार तड़के तीन नकाबपोश बदमाशों ने एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के घर में घुसकर चाकू की नोक पर उन्हें बंधक बना लिया और करीब चार लाख रुपये नकद सहित सोने-चांदी के जेवर लूटकर फरार हो गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार वार्ड क्रमांक-8 निवासी 50 वर्षीय ममता जादौन के घर में बदमाश पीछे की ओर स्थित बगीचे से दीवार फांदकर पहुंचे और खुले खिड़की मार्ग से भीतर प्रवेश कर गए। घटना के समय ममता जादौन घर में अकेली थीं। उनका बेटा आष्टा में ग्रामीण बैंक में प्रबंधक के पद पर कार्यरत है और परिवार सहित वहीं रहता है।
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि रात में अचानक आहट होने पर उनकी नींद खुली तो एक नकाबपोश बदमाश हाथ में बड़ा चाकू लिए सामने खड़ा था। विरोध करने और शोर मचाने का प्रयास करने पर बदमाश ने उनकी गर्दन पर चाकू रखकर जान से मारने की धमकी दी। इस दौरान एक बदमाश उन्हें बंधक बनाए रहा, जबकि दो अन्य घर में रखी अलमारी और सामान की तलाशी लेते रहे।
बदमाशों ने महिला से कानों के टॉप्स, गले की चेन, सोने की अंगूठी तथा हाथों में पहने चांदी के कड़े उतरवा लिए। विरोध करने पर उनके साथ मारपीट भी की गई, जिससे उनका सिर दीवार से टकरा गया। इसके बाद आरोपित अलमारी में रखे करीब चार लाख रुपये नकद लेकर फरार हो गए। जाते समय उन्होंने महिला को एक कमरे में बंद कर दिया। बाद में ममता जादौन खिड़की के रास्ते बाहर निकलीं और गली में पहुंचकर शोर मचाया, लेकिन तब तक बदमाश भाग चुके थे।
थाना प्रभारी कमल सिंह गहलोत ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने के निर्देश दिए हैं। पुलिस के अनुसार प्रारंभिक पूछताछ में महिला ने बताया कि घर में रखी करीब ढाई लाख रुपये की राशि उन्होंने बैंक से निकाली थी, जबकि डेढ़ लाख रुपये उनके बेटे ने भेजे थे। उन्होंने यह भी बताया कि वह स्वयं महिला समूह का संचालन करती हैं, जिसके कारण घर में नगदी का लेन-देन होता रहता है।
पुलिस ने लूट और गृहभेदन सहित विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू कर दी है। घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों से साक्ष्य जुटाकर मामले की जांच की जा रही है।
हिन्दुस्थान समाचार / मनोज पाठक

