फर्जी तरीके से ईसीएचएस कार्ड का दुरुपयोग कर लोगों का उपचार करवाने वाले गैंग के चार सदस्य गिरफ्तार
नोएडा, 17 मार्च (हि.स.)। थाना बिसरख पुलिस ने ईसीएचएस कार्ड का फर्जी तरीके से दुरुपयोग कर अपात्र लोगों का इलाज कराने वाले गैंग का पर्दाफाश करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस उपायुक्त जोन द्वितीय शक्ति मोहन अवस्थी ने बताया कि मंगलवार को एक सूचना के आधार पर थाना पुलिस ने शिखा सिंह पुत्री सुरेंद्र सिंह, यश सिंह पुत्री सुरेंद्र सिंह, जितेंद्र यादव पुत्र विजेंद्र सिंह यादव एवं दानिश खान पुत्र अमीन को गिरफ्तार किया है। उन्होंने बताया कि इनके पास से पुलिस ने घटना में प्रयुक्त मोबाइल फोन व्हाट्सएप के माध्यम से प्रयोग किया गया। ईसीएचएस कार्ड, आधार कार्ड आदि बरामद किया है।
उन्होंने बताया कि पूछताछ के दौरान गिरफ्तार अभियुक्त शिखा सिंह ने बताया कि उसकी सगी बहन तनु लंबे समय से बीमार थी, तथा आर्थिक स्थिति कमजोर होने कारण उसका समुचित इलाज नहीं हो पा रहा था। उसकी परिचित जो स्वास्थ्य विभाग बुलंदशहर में कार्यरत है के द्वारा दानिश खान से संपर्क करवाया गया, जिसने कम खर्चे में इलाज करने का आश्वासन दिया। दानिश के कहने पर अभियुक्ता, उसके भाई यश सिंह ने अपनी बहन तनु को रिटायर्ड फौजी सुरेंद्र सिंह की बेटी के नाम से ग्रेटर नोएडा वेस्ट में स्थित एक अस्पताल में भर्ती करवाया। उपचार के दौरान तनु की मौत हो गई। उसके शव को भी फौजी की बेटी के नाम से लिया गया।
इस मामले में दानिश ने 65 हजार रुपये ऑनलाइन लिया। उन्होंने बताया कि दानिश ने पूछताछ में बताया कि अपने साथी प्रदीप के साथ मिलकर पिछले दो वर्षों से धोखाधड़ी कर इस तरह के लोगों का उपचार करवा रहा है। यह लोग फर्जी दस्तावेज के माध्यम से अस्पताल कर्मियों के साथ सांठ गांठ करके ईसीएचएस कार्ड धारकों के नाम से लोगों को भर्ती करवा देते हैं, तथा बीमार लोगों से मोटी रकम वसूल लेते हैं। इनके गैंग में प्रदीप भी शामिल है। वह फरार है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। उन्होंने बताया कि रिटायर्ड फौजी सुरेंद्र को इस मामले की तब जानकारी हुई जब उनकी बेटी उपचार करवाने के लिए अस्पताल पहुंची, तो उसे बताया गया कि तुम्हारी तो मौत हो चुकी है। इसके बाद उसने पुलिस से इस मामले की शिकायत की।
हिन्दुस्थान समाचार / सुरेश चौधरी

