home page

ससुर की गैर-इरादतन हत्या में दामाद को 10 साल का कठोर कारावास

 | 
ससुर की गैर-इरादतन हत्या में दामाद को 10 साल का कठोर कारावास


बांदा, 27 अक्टूबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के जनपद बांदा में बिसंडा थाना क्षेत्र में ससुर की गैर-इरादतन हत्या के मामले में न्यायालय ने आरोपी दामाद को 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। पुलिस के ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत प्रभावी विवेचना और अभियोजन की पैरवी के परिणामस्वरूप यह सजा सुनाई गई।

लोक अभियोजक विजय बहादुर सिंह के अनुसार, बरौली आजम निवासी सुनीता ने 30 दिसंबर 2024 को बिसंडा थाने में सूचना दी थी कि 29 दिसंबर को उनके दामाद शैलेन्द्र ने उनके पति सिधुवा के साथ मारपीट कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया था। उपचार के दौरान सिधुवा की मौत हो गई थी। मामले में पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की।

मामले की विवेचना उपनिरीक्षक मणिशंकर मिश्रा ने की। विवेचना पूरी करने के बाद 27 मार्च 2025 को न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया गया। इसके बाद विशेष लोक अभियोजक विजय बहादुर सिंह परिहार और उमाशंकर पाल ने न्यायालय में प्रभावी पैरवी की।

पुलिस के अनुसार, कोर्ट मोहर्रिर मुख्य आरक्षी शैलेन्द्र कुमार, महिला आरक्षी मालती कुमारी और पैरोकार आरक्षी सतीश के प्रयासों से अभियुक्त को सजा दिलाने में मदद मिली। न्यायालय ने मंगलवार को अभियुक्त शैलेन्द्र पुत्र मुन्नीलाल, निवासी अधरौली, थाना बिसंडा, को धारा 105, 115(2) और 351(2) बीएनएस के तहत दोषी ठहराते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / अनिल सिंह