झाबुआ : नशा तस्करों पर सबसे बड़ा प्रहार, आदतन तस्कर को 6 माह के लिए भोपाल केंद्रीय जेल भेजा
झाबुआ, 06 जून (हि.स.)। मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन प्रहार के तहत पुलिस ने बड़ी और ऐतिहासिक कार्रवाई की है। पहली बार पीआईटी एनडीपीएस एक्ट, 1988 के तहत एक आदतन नशा तस्कर को छह माह के लिए केंद्रीय जेल भोपाल भेजा गया है।
शनिवार को जिला पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पाटीदार ने बताया कि यह कानून उन अपराधियों पर लागू किया जाता है जो बार-बार मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल पाए जाते हैं और जमानत पर रिहा होने के बाद फिर से उसी अपराध में संलिप्त हो जाते हैं। इसका उद्देश्य केवल अपराधियों को दंडित करना नहीं, बल्कि समाज और युवाओं को नशे के दुष्प्रभाव से बचाना भी है।
पुलिस के अनुसार थाना कोतवाली झाबुआ क्षेत्र के ग्राम गोपालपुरा निवासी सुरेश पुत्र हकरू भाबोर (36) के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत सात गंभीर मामले दर्ज हैं। वर्ष 2020 से 2026 के बीच दर्ज इन मामलों में एक प्रकरण में उसे सजा और अर्थदंड मिल चुका है, जबकि दो मामले न्यायालय में विचाराधीन हैं। अन्य मामलों की जांच अभी जारी है।
हाल ही में मई 2026 में भी आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत दो नए प्रकरण दर्ज किए गए थे। आरोपी के लगातार आपराधिक रिकॉर्ड और भविष्य में दोबारा नशा तस्करी में शामिल होने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने विस्तृत प्रतिवेदन तैयार कर जिला दंडाधिकारी के माध्यम से इंदौर संभाग आयुक्त को भेजा था।
प्रकरण की समीक्षा के बाद इंदौर संभाग के आयुक्त डॉ. सुदाम खाड़े ने स्वापक औषधि एवं मनःप्रभावी पदार्थ अवैध व्यापार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 3(1) के तहत सुरेश भाबोर को छह माह तक निरुद्ध कर भोपाल केंद्रीय जेल में रखने के आदेश जारी किए हैं।
एसपी पाटीदार ने कहा कि यह कार्रवाई जिले में सक्रिय नशा तस्करों के लिए कड़ा संदेश है। पुलिस भविष्य में भी ऐसे आदतन अपराधियों के खिलाफ कठोर कानूनी और प्रतिबंधात्मक कार्रवाई जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि झाबुआ पुलिस का लक्ष्य केवल अपराध नियंत्रण नहीं, बल्कि युवाओं को नशे के जाल से बचाकर सुरक्षित और स्वस्थ समाज का निर्माण करना है।
हिन्दुस्थान समाचार / डॉ. उमेश चंद्र शर्मा

