पुलिस ने 11 राज्यों में छापेमारी कर 1.5 करोड़ से अधिक की ठगी में शामिल 27 साइबर अपराधी दबाेचे
नई दिल्ली, 01 मार्च (हि.स.)। पश्चिमी जिले की साइबर थाना पुलिस ने अंतरराज्यीय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए सप्ताह भर चले देशव्यापी अभियान में 27 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई के दौरान 10 बड़े साइबर ठगी के मामलों का खुलासा हुआ है, जिनमें डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक की ठगी सामने आई है।
पश्चिमी जिले के पुलिस उपायुक्त दराडे शरद भास्कर ने रविवार काे बताया कि गिरफ्तार आरोपितों से जुड़े बैंक खातों में करीब 13.91 करोड़ रुपये के संदिग्ध लेन-देन की पहचान की गई है। प्रारंभिक जांच में राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीआरपी) की लगभग 150 शिकायतें इन आरोपितों से जुड़ी पाई गई हैं।
11 राज्यों में एक साथ दबिश
पुलिस उपायुक्त के अनुसार कार्रवाई का नेतृत्व साइबर थाने के इंस्पेक्टर विकास कुमार बुलडक ने किया। छापेमारी जम्मू-कश्मीर, पंजाब, उत्तराखंड, उप्र, दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, बिहार और पश्चिम बंगाल सहित 11 राज्यों में की गई। पुलिस ने संगठित गिरोहों को निशाना बनाया जो निवेश के नाम पर ठगी, नकली एपीके फाइल भेजकर बैंकिंग जानकारी हासिल करना, व्हाट्सएप और इंस्टाग्राम पर पहचान बनाकर धोखाधड़ी, क्रेडिट कार्ड फ्रॉड, टास्क आधारित ठगी और वीजा आधारित ठगी जैसे अपराधों में शामिल थे।
ऐसे करते थे ठगी
जांच में सामने आया कि गिरोह के सदस्य सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों को झांसे में लेते थे। निवेश पर भारी मुनाफे का लालच, बैंक अधिकारी बनकर कॉल, फर्जी लिंक व एपीके फाइल भेजकर मोबाइल हैक करना और ऑनलाइन टास्क के नाम पर रकम ऐंठना इनके मुख्य तरीके थे।
यह सामान हुआ बरामद
पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से 25 मोबाइल फोन, 28 सिम कार्ड, 20 बैंकिंग कार्ड, एक पीओएस मशीन, एक मोटरसाइकिल और बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज व किट बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार वीजा आधारित ठगी (करीब 15 लाख रुपये), टास्क आधारित ठगी (4.67 लाख रुपये) और निवेश से जुड़ी कई ठगी के मामलों (12.35 लाख, 33.26 लाख, 19.5 लाख, 6.5 लाख रुपये आदि) का खुलासा हुआ है। इसके अलावा बैंक अधिकारी बनकर एपीके फाइल के जरिए की गई ठगी, क्रेडिट कार्ड और सोशल मीडिया प्रतिरूपण के मामले भी सुलझाए गए हैं।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / कुमार अश्वनी

