home page

नोएडा में साइबर ठगी : 30 लोगों से 2.15 करोड़ रुपये ठगे

 | 
नोएडा में साइबर ठगी : 30 लोगों से 2.15 करोड़ रुपये ठगे


शेयर मार्केट और फर्जी ऐप के नाम पर बनाया शिकार

नोएडा, 07 अगस्त(हि. स.)। उत्तर प्रदेश के नोएडा में साइबर अपराधियों ने एक बार फिर बड़े पैमाने पर लोगों को निशाना बनाया है। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में रहने वाले 30 लोग अलग-अलग साइबर ठगी का शिकार हुए हैं। ठगों ने शेयर मार्केट में निवेश, मोटे मुनाफे का लालच, मोबाइल और बैंक केवाईसी अपडेट, फर्जी लिंक, क्रेडिट कार्ड का दुरुपयोग और मोबाइल हैकिंग जैसे तरीकों से पीड़ितों से कुल 2 करोड़ 15 लाख 58 हजार रुपये की ठगी कर ली। सभी मामलों में साइबर क्राइम थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस उपायुक्त (साइबर क्राइम) शैव्या गोयल ने बताया कि सबसे अधिक शिकायतें शेयर मार्केट में निवेश कर भारी मुनाफा दिलाने के नाम पर लोगों को ठगने की मिली हैं। साइबर अपराधी पहले सोशल मीडिया, व्हाट्सएप या मोबाइल कॉल के जरिए लोगों से संपर्क करते हैं और शुरुआती चरण में उन्हें लाभ दिखाकर विश्वास जीत लेते हैं। इसके बाद बड़ी रकम निवेश कराने के बाद संपर्क समाप्त कर देते हैं।

सेक्टर-81 निवासी विजय शर्मा को मोबाइल पर एक लिंक भेजा गया, जिसमें निवेश करने पर मोटा कमीशन मिलने का दावा किया गया। झांसे में आकर उन्होंने आरोपियों के बताए खाते में 5.20 लाख रुपये जमा कर दिए। इसके बाद ठगों ने उनसे संपर्क तोड़ दिया। वहीं सेक्टर-73 निवासी विवेकानंद कुमार गुप्ता से शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर 7.76 लाख रुपये की ठगी की गई।

सेक्टर-55 निवासी सतीश के बैंक खाते से साइबर अपराधियों ने 11.97 लाख रुपये निकाल लिए। पीड़ित को लगातार डेबिट मैसेज मिलते रहे, लेकिन बैंक पहुंचने से पहले ही पूरी रकम साफ हो चुकी थी। ग्रेटर नोएडा वेस्ट निवासी मोहित से शेयर ट्रेडिंग में भारी मुनाफे का झांसा देकर 15 लाख रुपये ठग लिए गए। रबूपुरा निवासी मालती से 7 लाख रुपये, जबकि गौरव अग्रवाल से 10.65 लाख रुपये की ठगी की गई।

मनोज चौहान के क्रेडिट कार्ड का दुरुपयोग कर 5.40 लाख रुपये निकाल लिए गए। ममता चौहान के मोबाइल पर एयरटेल अपडेट के नाम पर एक ऐप डाउनलोड कराया गया और उसी के माध्यम से उनका फोन हैक कर 6.67 लाख रुपये निकाल लिए गए। इसी तरह तरुण खन्ना से बैंक केवाईसी अपडेट कराने के बहाने ऐप डाउनलोड करवाकर 5.20 लाख रुपये की ठगी की गई।

बरौला गांव निवासी रामकिशन कौशिक के खाते से 6.25 लाख रुपये, रश्मि कुमारी से 7.82 लाख रुपये, रामभूल सिंह से 5.78 लाख रुपये, महागुण मॉडर्न सोसाइटी निवासी विशाल कुमार गुप्ता से शेयर ट्रेडिंग के नाम पर 8.25 लाख रुपये, दिलीप कुमार मिश्रा से 9 लाख रुपये तथा मोहित पुत्र गोविंद राय से 6.51 लाख रुपये की ऑनलाइन ठगी की गई।

इसके अलावा आर्यन तोमर से 5.82 लाख रुपये, दिव्या से 7.50 लाख रुपये, मुकेश सिंह से 7.50 लाख रुपये, प्रवीण कुमार से 5.08 लाख रुपये, राहुल कुमार से 5 लाख रुपये, अंशुल माथुर से 13.95 लाख रुपये, विवेक यादव से 7.68 लाख 500 रुपये, संदीप सिंह से 7.78 लाख रुपये, एक महिला से 5.59 लाख रुपये, संजय कुमार जैन से 7 लाख रुपये, पार्थ अरोड़ा से 10.96 लाख रुपये, सुमित कुमार त्यागी से 7.20 लाख रुपये तथा छतर सिंह से 6.65 लाख रुपये की साइबर ठगी की शिकायत दर्ज कराई गई है।

डीसीपी शैव्या गोयल ने बताया कि सभी मामलों में अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। साइबर एक्सपर्ट बैंक खातों, यूपीआई आईडी, मोबाइल नंबर, आईपी एड्रेस और डिजिटल ट्रांजेक्शन का विश्लेषण कर रहे हैं। जिन खातों में ठगी की रकम भेजी गई है, उन्हें चिन्हित कर फ्रीज कराने की कार्रवाई भी की जा रही है।

पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें, शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर मिलने वाले आकर्षक प्रस्तावों पर बिना सत्यापन भरोसा न करें और किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर मोबाइल में कोई ऐप डाउनलोड न करें। किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं या राष्ट्रीय साइबर क्राइम पोर्टल पर सूचना दें, ताकि समय रहते धनराशि को सुरक्षित करने की कार्रवाई की जा सके।

हिन्दुस्थान समाचार / सुरेश चौधरी