जबलपुर : अंधविश्वास और साइबर अपराध का डर दिखाकर 32 लाख की ठगी
जबलपुर, 14 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में अंधविश्वास और डर को हथियार बनाकर 66 वर्षीय सेवानिवृत्त विद्युत मंडल कर्मचारी से 32 लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है।
गोहलपुर थाना क्षेत्र में आरोपितों ने परिवार पर संकट और अकाल मृत्यु का भय दिखाकर पीड़ित को मानसिक रूप से डराया। इसके बाद कथित सिद्धपुरुष से फोन पर बातचीत कराई और साइबर अपराध का भय दिखाकर बैंक में जमा रकम निकालकर दुकान में रखने की सलाह दी।
पीड़ित ने आरोपितों की बातों में आकर बैंक से 32 लाख रुपये निकालकर दुकान के ऊपर बने कमरे की अलमारी में रख दिए। कुछ समय बाद अलमारी खोलने पर रकम गायब थी और वहां केवल कागज के टुकड़े मिले।
शुक्रवार को पुलिस ने बताया कि जवाहरगंज खटीक मोहल्ला निवासी नीलेंद्र कुमार जैन वर्ष 2022 में मध्य प्रदेश विद्युत मंडल से सेवानिवृत्त हुए थे। इसके बाद वह मिलौनीगंज स्थित परिवार के प्रतिष्ठान सात्विक ट्रेडर्स के संचालन में सहयोग करने लगे। वर्ष 2024 में दुकान पर उनकी मुलाकात दमोह जिले के नोहटा निवासी सुनील बड़कुल से हुई। परिचय बढ़ने के बाद सुनील का दुकान पर आना-जाना बढ़ गया और वह वहां काम भी करने लगा।
इसी दौरान नीलेंद्र को संजय नामक व्यक्ति का फोन आया। आरोप है कि संजय ने खुद को सिद्धपुरुष बताते हुए परिवार पर बड़ी विपदा आने और अकाल मृत्यु का भय दिखाया। घबराए नीलेंद्र ने इसकी जानकारी सुनील को दी। आरोप है कि सुनील ने भी संकट से बचाने के लिए कथित धार्मिक उपाय कराने का भरोसा दिलाया और उनकी फोन पर एक कथित सिद्धपुरुष से बातचीत कराई।
इसके बाद पीड़ित को साइबर अपराध का डर भी दिखाया गया। उसे बताया गया कि बैंक में जमा रकम साइबर अपराधियों की नजर में हो सकती है, इसलिए राशि निकालकर दुकान में सुरक्षित रखना बेहतर होगा। विश्वास में आकर नीलेंद्र ने बैंक से 32 लाख रुपये निकालकर दुकान के ऊपर बने कमरे की अलमारी में रख दिए।
बाद में अलमारी खोलने पर रकम के स्थान पर कागज के टुकड़े मिले। ठगी का अहसास होने पर नीलेंद्र ने पुलिस से शिकायत की। जांच में सुनील के साथ संजय और शांतिलाल की भूमिका सामने आई। गोहलपुर पुलिस ने एक नामजद सहित तीन आरोपितों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस आरोपितों के बीच हुई बातचीत, रकम के लेन-देन और राशि की बरामदगी के साथ यह भी जांच कर रही है कि कहीं इसी तरीके से अन्य लोगों को भी निशाना तो नहीं बनाया गया।
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हिन्दुस्थान समाचार / विलोक पाठक

