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पाकिस्तान से जुड़ी हेरोइन तस्करी के पुराने मामले का आरोपी शिमला पुलिस की गिरफ्त में

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पाकिस्तान से जुड़ी हेरोइन तस्करी के पुराने मामले का आरोपी शिमला पुलिस की गिरफ्त में


शिमला, 02 जून (हि.स.)। पाकिस्तान से 20 किलोग्राम हेरोइन की खेप भारत में पहुंचाने की कोशिश के मामले में नामजद रह चुका एक ड्रग तस्कर अब शिमला में पकड़े गए चिट्टा नेटवर्क की जांच के केंद्र में आ गया है। शिमला पुलिस ने दावा किया है कि हाल ही में शहर के ढली क्षेत्र में पकड़ी गई हेरोइन और आईस (मेथामफेटामाइन) की खेप के पीछे जिस प्रमुख सप्लायर का नाम सामने आया, उसका संबंध पहले भी अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के नशा तस्करी मामलों से रहा है।

पुलिस के अनुसार समर सिंह उर्फ टाइगर (32) को पंजाब के खरड़ से गिरफ्तार किया गया है। आरोपी फिलहाल पुलिस रिमांड पर है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां उसके नेटवर्क, संपर्कों और सप्लाई चेन के बारे में जानकारी जुटा रही हैं।

ढली में पकड़ी गई खेप से सप्लायर तक पहुंची जांच

मामला पुलिस थाना ढली में दर्ज एनडीपीएस केस से जुड़ा है। पुलिस ने 29 मई को गुप्त सूचना के आधार पर ढली चौक के पास एक मकान में छापा मारकर अवंतिका नेगी (19) और प्रद्युम्न (20) को गिरफ्तार किया था। उनके कब्जे से करीब 65 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) और 20 ग्राम आईस बरामद की गई थी।

दोनों आरोपियों से पूछताछ, तकनीकी विश्लेषण और बैकवर्ड लिंकेज जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि यह खेप पंजाब के खरड़ से समर उर्फ टाइगर द्वारा उपलब्ध करवाई गई थी। इसके बाद पुलिस टीम ने पंजाब में कार्रवाई कर उसे गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस के मुताबिक समर के कब्जे से करीब 131 ग्राम हेरोइन, 27 ग्राम आईस और 60,400 रुपये नकद बरामद किए गए। इस मामले में अब तक कुल 196 ग्राम हेरोइन, 47 ग्राम आईस और 60,400 रुपये की नकदी जब्त की जा चुकी है।

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार समर सिंह उर्फ टाइगर के खिलाफ पहले से कई एनडीपीएस मामलों में मुकदमे दर्ज हैं। इनमें सबसे चर्चित मामला राजस्थान के श्रीकरणपुर थाना क्षेत्र में वर्ष 2018 में दर्ज एफआईआर है।

पुलिस के अनुसार इस मामले में समर सिंह पर पाकिस्तान से 20 किलोग्राम हेरोइन की खेप भारत में तस्करी करने की कोशिश का आरोप लगा था। इसके अलावा उसके खिलाफ पंजाब में विभिन्न मामलों में कई किलोग्राम हेरोइन और अफीम की बरामदगी से जुड़े मुकदमे भी दर्ज हैं।

वर्ष 2017 में फाजिल्का में दर्ज एक मामले में 3 किलो 610 ग्राम हेरोइन और 200 ग्राम अफीम की बरामदगी हुई थी। वहीं 2023 के एक अन्य मामले में उस पर जेल से संचालित कथित ड्रग नेटवर्क की ड्रग मनी को विभिन्न बैंक खातों के जरिए स्थानांतरित करने में सहयोग देने का आरोप भी दर्ज है। उसके खिलाफ पंजाब के फिरोजपुर और मोहाली में भी हेरोइन तस्करी से जुड़े मामले दर्ज हैं।

सप्लाई नेटवर्क पर प्रहार हमारी प्राथमिकता : एसएसपी

शिमला के एसएसपी गौरव सिंह ने कहा कि जिला पुलिस नशा तस्करी के मामलों में केवल बरामदगी तक सीमित नहीं है, मादक पदार्थों के स्रोत और पूरे सप्लाई नेटवर्क तक पहुंचने की रणनीति पर काम कर रही है।

उन्होंने कहा कि इस मामले में तकनीकी जांच और बैकवर्ड लिंकेज के आधार पर मुख्य सप्लायर तक पहुंचा गया है। वर्ष 2026 में अब तक नशा तस्करी के मामलों में बैकवर्ड लिंकेज के आधार पर 43 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। हमारा उद्देश्य केवल स्थानीय स्तर पर कार्रवाई करना नहीं, नशे की सप्लाई चेन को तोड़ना है।

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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा