शिमला : चिट्टा तस्करी के दो मामलों में तीन गिरफ्तार
शिमला, 26 अप्रैल (हि.स.)। जिला शिमला पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दो अलग-अलग मामलों में बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों मामलों में पुलिस ने कुल 13.37 ग्राम चिट्टा/हेरोइन बरामद की है। पुलिस के अनुसार बैकवर्ड लिंकेज और तकनीकी जांच के आधार पर पूरे नेटवर्क की कड़ियाँ जोड़ी जा रही हैं और सप्लायर से लेकर खरीदार तक की पहचान की जा रही है। दोनों मामलों की जांच थाना बालूगंज के तहत की जा रही है।
पहला मामला तारादेवी क्षेत्र से जुड़ा है, जहां विशेष सेल की टीम ने विश्वसनीय सूचना के आधार पर एक वाहन की जांच की। जांच के दौरान वाहन में सवार रिशव कुमार (34) निवासी तारादेवी के कब्जे से 8 ग्राम चिट्टा बरामद किया गया। आरोपी को मौके पर गिरफ्तार कर लिया गया और बाद में न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
इस मामले की जांच आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल की। इसी आधार पर पुलिस को सप्लाई नेटवर्क से जुड़े एक अन्य आरोपी की जानकारी मिली। जांच में सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी को नशे की खेप उपलब्ध कराने में बादल उर्फ टिटला पुत्र अमीर सिंह, निवासी कोटखाई जिला शिमला की संलिप्तता है। इसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बीते कल शनिवार को उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में यह भी सामने आया कि आरोपी लंबे समय से चिट्टा सप्लाई के धंधे में सक्रिय था और वित्तीय लेन-देन के जरिए नेटवर्क चला रहा था। अदालत से उसे पुलिस रिमांड पर लिया गया है, जो 27 अप्रैल तक जारी है।
दूसरा मामला तब सामने आया, जब विशेष सेल की टीम संकट मोचन क्षेत्र में गश्त और निगरानी ड्यूटी पर थी। इस दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक व्यक्ति चंडीगढ़ से टैक्सी में शिमला की ओर आ रहा है और उसके पास नशे की खेप हो सकती है। सूचना के आधार पर पुलिस ने संबंधित टैक्सी को रोका और नियमानुसार तलाशी ली। तलाशी के दौरान रितिक ठाकुर (26) निवासी कुपवी के कब्जे से 5.37 ग्राम चिट्टा बरामद की गई।
पुलिस ने मौके पर ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ थाना बालूगंज में मामला दर्ज किया गया। आरोपी को आगे की कार्रवाई के लिए अदालत में पेश किया जाएगा।
एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने रविवार को बताया कि दोनों मामलों में बरामदगी और गिरफ्तारियों से यह स्पष्ट होता है कि शिमला में नशे का नेटवर्क संगठित रूप से सक्रिय है। इसे तोड़ने के लिए लगातार तकनीकी निगरानी, वित्तीय जांच और बैकवर्ड लिंकेज पर काम किया जा रहा है। पुलिस ने कहा है कि नशा तस्करों के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा और किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं बरती जाएगी।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा

