जबलपुर : मूक-बधिर महिला की हत्या का खुलासा, एक महिला समेत चार आरोपी गिरफ्तार
जबलपुर, 11 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में
सिहोरा खितौला थाना क्षेत्र के ग्राम दरौली कला में मूक-बधिर महिला लक्ष्मीबाई राठौर की हत्या के मामले में पुलिस ने एक महिला सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने महिला आरोपी को दरौली कला से, जबकि अन्य तीन आरोपियों को कटनी के पास से गिरफ्तार किया है। तीनों पुरुष आरोपी कैमोर थाना क्षेत्र के ग्राम नन्हवारा कला के निवासी बताए जा रहे हैं।
खितौला थाना पुलिस के अनुसार, शनिवार रविवार की दरमियानी रात कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया। मामले में पुलिस की पूछताछ के बाद हत्या के कारणों और वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं का खुलासा होने की उम्मीद है।
एक महिला समेत चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में सरिता बर्मन (37), पति मुकेश उर्फ गुड्डू बर्मन, निवासी ग्राम दरौली कला, थाना खितौला शामिल है।
इसके अलावा संदीप बर्मन (20), पिता कमलेश बर्मन, निवासी बुद्धा मोड़, ग्राम नन्हवारा कला तथा सुनील बर्मन (28), पिता दादराम बर्मन और संदीप बर्मन (20), पिता बिहारी बर्मन, निवासी साहू मोहल्ला, ग्राम नन्हवारा कला, थाना कैमोर, जिला कटनी को गिरफ्तार किया गया है।
गौरतलब है कि करीब एक सप्ताह पहले दरौली कला गांव में 45 वर्षीय लक्ष्मीबाई राठौर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया था। महिला घर के अंदर मृत अवस्था में मिली थी। उसके दोनों हाथ बंधे हुए थे और सिर, गले तथा कान के पास चोट के निशान पाए गए थे। घटना की जानकारी मिलते ही गांव में सनसनी फैल गई थी। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
जानकारी के अनुसार, लक्ष्मीबाई के पति रामदास राठौर मिस्त्री का काम करते हैं। घटना वाले दिन वह काम के सिलसिले में केवलारी गए हुए थे, जबकि उनका बड़ा बेटा संजय गांव में वेल्डिंग का काम करने गया था। इस दौरान लक्ष्मीबाई घर में अकेली थी। वह जन्म से ही मूक-बधिर और दिव्यांग थी।
घटना वाले दिन दोपहर करीब तीन बजे कुछ लोगों ने महिला के घर के पिछले दरवाजे से दो युवकों को निकलते हुए देखा था। संदेह होने पर इसकी सूचना परिजनों को दी गई। जब बेटा संजय घर पहुंचा तो मुख्य दरवाजा खुला हुआ था। अंदर जाकर देखा तो उसकी मां मृत अवस्था में पड़ी थी और उसके दोनों हाथ बंधे हुए थे।
इसके बाद संजय ग्रामीणों की मदद से महिला को सिहोरा सिविल अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया था।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / विलोक पाठक

