भगोड़े बदमाश को पुलिस ने दबोचा
नई दिल्ली, 29 अप्रैल (हि.स.)। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने वर्ष 2018 के आबकारी अधिनियम के एक मामले में फरार चल रहे भगोड़े को गिरफ्तार किया है। आरोपित करीब एक वर्ष से गिरफ्तारी से बचता फिर रहा था और अदालत द्वारा उसे भगोड़ा घोषित किया जा चुका था। पुलिस ने उसे मदनपुर खादर इलाके से दबोचा है। गिरफ्तार आरोपित की पहचान भोगल के बाजार लेन निवासी राजू कुमार (32) के रूप में हुई है। वह हजरत निजामुद्दीन थाने में दर्ज आबकारी अधिनियम के मामले में वांछित था। पुलिस के अनुसार आरोपित को 13 जून 2025 को अदालत ने भगोड़ा घोषित किया था, क्योंकि जमानत मिलने के बाद वह लगातार अदालत में पेश नहीं हो रहा था।
क्राइम ब्रांच के पुलिस उपायुक्त संजीव यादव ने बुधवार को बताया कि 30 अक्टूबर 2018 को हजरत निजामुद्दीन थाना पुलिस ने आरोपित की महिंद्रा बोलेरो से 60 कार्टन अवैध शराब बरामद की थी। इस मामले में आबकारी अधिनियम की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर आरोपित को गिरफ्तार किया गया था। वारदात में प्रयुक्त वाहन भी जब्त कर लिया गया था।
पुलिस उपायुक्त के अनुसार जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया और मुकदमे की सुनवाई शुरू हुई। इस दौरान आरोपित को जमानत मिल गई, लेकिन बाद में उसने अदालत में पेश होना बंद कर दिया। लगातार गैरहाजिर रहने पर अदालत ने उसे भगोड़ा घोषित कर दिया था।
पुलिस अधिकारी के अनुसार क्राइम ब्रांच की सेंट्रल रेंज टीम को हाल ही में सूचना मिली थी कि आरोपित मदनपुर खादर क्षेत्र में छिपा हुआ है। इसके बाद इंस्पेक्टर वीर सिंह के नेतृत्व में टीम ने तकनीकी निगरानी और मुखबिर तंत्र की मदद से उसकी लोकेशन ट्रैक की। योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 28 अप्रैल को आरोपित को दबोच लिया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपित ने कम उम्र में पढ़ाई छोड़ दी थी और इसके बाद भोगल इलाके में अवैध शराब बेचने लगा। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार उसके खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत पहले से छह मामले दर्ज हैं। पुलिस का दावा है कि फरार रहने के दौरान भी वह गुपचुप तरीके से शराब की अवैध बिक्री कर रहा था।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / कुमार अश्वनी

