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मुंडका में एलपीजी सिलेंडरों की जमाखोरी का भंडाफोड़, क्राइम ब्रांच ने 610 सिलेंडर बरामद किए

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मुंडका में एलपीजी सिलेंडरों की जमाखोरी का भंडाफोड़, क्राइम ब्रांच ने 610 सिलेंडर बरामद किए


नई दिल्ली, 16 मार्च (हि.स.)। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने बाहरी दिल्ली के मुंडका इलाके में एलपीजी सिलेंडरों की जमाखोरी और काले कारोबार के बड़े रैकेट का भंडाफोड़ किया है। कार्रवाई के दौरान एक गोदाम से कुल 610 एलपीजी सिलेंडर बरामद किए गए हैं, जिन्हें नियमों के खिलाफ एक ही जगह पर रखा गया था। पुलिस ने इस मामले में आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

क्राइम ब्रांच के पुलिस उपायुक्त संजीव यादव ने सोमवार को बताया कि क्राइम ब्रांच की एंटी-एक्सटॉर्शन एंड किडनैपिंग सेल यूनिट को गुप्त सूचना मिली थी कि मुंडका क्षेत्र में बड़ी संख्या में एलपीजी सिलेंडरों को अवैध रूप से जमा कर रखा गया है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने मुंडका स्थित गुरुजी इंडेन गैस सर्विस के गोदाम पर छापा मारा। जांच के दौरान पाया गया कि यहां इंडेन के साथ-साथ भारत गैस और एचपी गैस कंपनियों के वाणिज्यिक एलपीजी सिलेंडर भी बड़ी संख्या में रखे हुए थे। नियमों के अनुसार यह गैस एजेंसी केवल इंडियन कंपनी के कमर्शियल सिलेंडर की अधिकृत डिस्ट्रीब्यूटर है, लेकिन गोदाम में अन्य कंपनियों के सिलेंडर भी अवैध रूप से जमा किए गए थे, जो एलपीजी आपूर्ति और वितरण नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है।

छापेमारी के दौरान पुलिस ने कुल 610 सिलेंडर बरामद किए, जिनमें 197 भरे हुए और 392 खाली कमर्शियल सिलेंडर शामिल हैं, जबकि 21 छोटे आकार के सिलेंडर भी मिले। बरामद सिलेंडरों में 423 इंडेन, 92 भारत गैस और 95 एचपी गैस के सिलेंडर शामिल हैं।

प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया कि इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के रिकॉर्ड के अनुसार 10 मार्च तक एजेंसी के पास इंडेन के कमर्शियल सिलेंडरों का स्टॉक शून्य होना चाहिए था, लेकिन छापे के दौरान 133 भरे हुए इंडेन सिलेंडर गोदाम में मौजूद मिले। इससे स्टॉक रिकॉर्ड में गड़बड़ी और अवैध भंडारण की आशंका और मजबूत हो गई है।

पुलिस के अनुसार एलपीजी सिलेंडरों की इस तरह अवैध जमाखोरी अक्सर सप्लाई कम होने या कृत्रिम कमी पैदा करने के दौरान की जाती है। बाद में इन सिलेंडरों को बाजार में ऊंचे दामों पर बेचकर मुनाफा कमाया जाता है। यह न केवल उपभोक्ताओं का शोषण है, बल्कि एक ही स्थान पर बड़ी संख्या में ज्वलनशील सिलेंडरों का गलत तरीके से भंडारण गंभीर सुरक्षा खतरा भी पैदा करता है।

छापेमारी के दौरान खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामलों विभाग के फूड सप्लाई ऑफिसर विकास कुमार भी मौके पर मौजूद रहे। उन्होंने पुष्टि की कि इंडेन गैस एजेंसी परिसर में अन्य कंपनियों के एलपीजी सिलेंडर रखना पूरी तरह अवैध है और यह एलपीजी नियंत्रण नियमों का उल्लंघन है।

इस मामले में क्राइम ब्रांच थाने में आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 7 और भारतीय न्याय संहिता की धारा 61(2) (आपराधिक साजिश) के तहत एफआईआर संख्या 52/2026 दर्ज की गई है। छापे के समय गोदाम का मालिक मौके पर मौजूद नहीं मिला और फिलहाल फरार बताया जा रहा है। पुलिस उसकी तलाश में दबिश दे रही है।

पुलिस उपायुक्त ने बताया कि मामले की जांच जारी है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस अवैध जमाखोरी के पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं और सिलेंडरों की आपूर्ति श्रृंखला किस तरह काम कर रही थी। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इस रैकेट के जरिए कितने समय से कालाबाजारी की जा रही थी।

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हिन्दुस्थान समाचार / कुमार अश्वनी