किशनगंज में 8 वर्षीय बच्ची की हत्या, मक्के के खेत से शव बरामद
किशनगंज, 02 मई (हि.स.)। जिले के दिघलबैंक प्रखंड अंतर्गत कोढ़ोबारी थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। दो दिनों से लापता 8 वर्षीय बच्ची की हत्या कर अपराधियों ने उसका शव मक्के के खेत में फेंक दिया। घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
मृतका की पहचान दुर्गापुर गांव निवासी मो. शकील की पुत्री सेली परवीन के रूप में हुई है। वह गांव के ही एक सरकारी स्कूल में कक्षा दो की छात्रा थी। बताया जाता है कि सेली परवीन गुरुवार सुबह करीब 11 बजे घर से खेलने के लिए निकली थी, जिसके बाद से वह लापता हो गई थी। परिजनों ने उसी दिन इसकी सूचना पुलिस को दी थी, जिसके बाद पुलिस और परिजन बच्ची की तलाश में जुटे थे। शनिवार सुबह गांव की ही एक चचेरी बहन मक्के के खेत में गई, जहां उसने बच्ची का शव देखा। शव जाल में लिपटा हुआ था। शोर मचाने पर ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे तथा पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही कोढ़ोबारी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। स्थानीय लोगों के अनुसार बच्ची का दाहिना हाथ टूटा हुआ पाया गया है, जिससे हत्या की आशंका और गहरा गई है। घटना के बाद गांव में आक्रोश और भय का माहौल है।
मृतका की मां आमना बेगम ने बताया कि गुरुवार को बच्ची नाश्ता कर खेलने के लिए बाहर गई थी और दोपहर से लापता थी। उन्होंने कहा कि उनकी बेटी पढ़ाई में तेज थी और किसी से उसका कोई विवाद नहीं था। परिवार में पांच बच्चों में वह मझली थी। इधर, बच्ची के पिता मो. शकील, जो दिल्ली में मजदूरी करते हैं, घटना की सूचना मिलने के बाद किशनगंज के लिए रवाना हो गए हैं।
कोढ़ोबारी थाना अध्यक्ष संतोष कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला हत्या का प्रतीत होता है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है तथा एफएसएल टीम से भी जांच कराई गई है। उन्होंने दुष्कर्म की आशंका से इंकार करते हुए कहा कि जांच में ऐसी कोई पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस परिजनों से पूछताछ कर रही है और मामले की गहन जांच जारी है। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा किया गया है।
हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह

