12 हजार रुपये की रिश्वत लेते सहायक अभियंता और लाइनमैन गिरफ्तार, लोकायुक्त का ट्रैप
जबलपुर, 17 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश लोकायुक्त पुलिस ने सोमवार को भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कटंगी में मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के कार्यालय में पदस्थ सहायक अभियंता और लाइनमैन को 12 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। दोनों आरोपितों ने कृषि भूमि पर 3 हॉर्सपावर का स्थायी विद्युत कनेक्शन देने के एवज में आवेदक से रिश्वत की मांग की थी।
लोकायुक्त पुलिस के अनुसार, कटंगी निवासी मुकेश कुमार यादव ने अपनी कृषि भूमि पर मोटर चलाने के लिए 3 हॉर्सपावर का स्थायी विद्युत कनेक्शन प्राप्त करने आवेदन किया था। आरोप है कि कनेक्शन स्वीकृत कराने के बदले सहायक अभियंता मनोज कुमार दुबे और लाइनमैन धनेश कुमार शुक्ला ने उससे 15 हजार रुपये की रिश्वत मांगी।
रिश्वत की मांग से परेशान आवेदक ने मामले की शिकायत लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक अंजुलता पटले से की। शिकायत का सत्यापन कराया गया, जिसमें रिश्वत मांगे जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद दोनों आरोपित 12 हजार रुपये लेने पर सहमत हो गए।
शिकायत के सत्यापन के बाद लोकायुक्त की टीम ने सोमवार को योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की। टीम ने कटंगी स्थित विद्युत वितरण कंपनी के कार्यालय में दोनों आरोपितों को 12 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ लिया। पकड़े गए आरोपितों में सहायक अभियंता मनोज कुमार दुबे और लाइनमैन धनेश कुमार शुक्ला (60) शामिल हैं।
लोकायुक्त पुलिस ने दोनों आरोपितों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 में संशोधन 2018 की धारा 7, 13(1)(बी), 13(2) तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 61(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
कार्रवाई में उप पुलिस अधीक्षक नीतू त्रिपाठी, ट्रैप लीडिंग ऑफिसर निरीक्षक शशि कला मुस्कुले, निरीक्षक जितेंद्र यादव सहित लोकायुक्त जबलपुर का दल शामिल रहा।
लोकायुक्त संगठन ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई शासकीय अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो इसकी सूचना लोकायुक्त कार्यालय को दी जाए, ताकि भ्रष्टाचार के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जा सके।
हिन्दुस्थान समाचार / विलोक पाठक

