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पीवी ऐप की खामियों के विरोध में पटवारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर

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पीवी ऐप की खामियों के विरोध में पटवारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर


गांधी मैदान में शासन के खिलाफ की नारेबाजी

धमतरी, 14 अक्टूबर (हि.स.)। पीवी ऐप की व्यावहारिक समस्याओं, जोखिमपूर्ण कार्य परिस्थितियों और दमनात्मक कार्रवाई के विरोध में राजस्व पटवारी संघ, जिला इकाई धमतरी ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। बुधवार को गांधी मैदान में जिलेभर के पटवारियों ने एकत्र होकर शासन के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी लंबित मांगों के निराकरण की आवाज बुलंद की। जिले में 165 पटवारी हैं। हड़ताल में चले जाने की वजह से बटांकन, सीमांकन, किसान पंजीयन, बटवारा, नामांतरण, आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र सहित अन्य महत्वपूर्ण कार्य प्रभावित हो रहे हैं।

संघ ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की है। पटवारी संघ के अनुसार, वर्तमान में लागू पीवी ऐप (डिजिटल क्राप सर्वे) में तकनीकी कमियां और व्यावहारिक कठिनाइयां हैं। इसके माध्यम से फसलों का भौतिक सत्यापन करना कई परिस्थितियों में मुश्किल हो रहा है। वर्षाकाल में खेतों में जलभराव, कीचड़ और प्रतिकूल मौसम के बावजूद पटवारियों को खेतों के बीच जाकर सर्वे करने के लिए बाध्य किया जा रहा है। इससे उनके स्वास्थ्य और जीवन पर खतरा बना रहता है।

संघ का कहना है कि पीवी ऐप की खामियों को दूर किए बिना जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में सर्वे का दबाव बनाना उचित नहीं है। इसके अलावा एग्रीस्टैक पंजीयन, किसान पंजीयन, बकेट क्लेम, जनगणना, रेलवे और राष्ट्रीय राजमार्ग सर्वे, स्वामित्व योजना तथा विभिन्न प्रमाण पत्रों से संबंधित कार्यों के कारण पटवारियों पर काम का बोझ लगातार बढ़ रहा है। संघ ने विभिन्न जिलों में पटवारियों के खिलाफ की गई निलंबन, कारण बताओ नोटिस और अन्य विभागीय कार्रवाई को दमनात्मक बताते हुए इन्हें तत्काल वापस लेने की मांग की है।

पटवारियों की प्रमुख मांगों में पीवी ऐप को तकनीकी रूप से बेहतर और व्यावहारिक बनाना, जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में बाध्यकारी सर्वे पर रोक लगाना, लंबित वेतन विसंगति का निराकरण तथा पदोन्नति एवं कैरियर एडवांसमेंट के मामलों में ठोस निर्णय लेना शामिल है। संघ ने स्पष्ट किया है कि जब तक मांगों का उचित समाधान नहीं किया जाता, तब तक अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। पटवारी संघ ने आंदोलन के कारण राजस्व संबंधी कार्यों में होने वाले व्यवधान के लिए शासन और प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है।

हड़ताल में प्रमुख रूप से कार्यकारी जिला अध्यक्ष सुरेंद्र ध्रुव, सचिव विकास साहू, धमतरी तहसील अध्यक्ष प्रवीण टिकरिया, हरीश ध्रुव मगरलोड, लक्ष्मण नरेटी कुरूद, सौरभ साहू भखारा, नोहर लाल पटेल नगरी, द्विज राम मरकाम कुकरेल के अलावा जिले के प्रकाश साहू, राजेश चंद्राकर, संगीता साहू, विनोद पटेल, किशोर कश्यप, पन्नालाल ठाकुर सहित अन्य पटवारी शामिल हुए।

हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा