आलमारी के पीछे छिपा था पांच फीट का कोबरा, सर्प मित्र ने किया सुरक्षित रेस्क्यू
धमतरी, 21 अगस्त (हि.स.)। स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी विद्यालय तथा नवीन महाविद्यालय परिसर कंडेल में शुक्रवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब कालेज के एक कक्ष में करीब पांच फीट लंबा कोबरा नाग दिखाई दिया। कक्ष की आलमारी के पीछे छिपे सांप को देखकर स्टाफ और विद्यार्थियों में अफरा-तफरी मच गई। इसकी सूचना तत्काल सर्प मित्र रुद्री निवासी सूर्यकांत साहू को दी गई। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे सूर्यकांत साहू ने सावधानीपूर्वक कोबरा नाग का सफल रेस्क्यू किया और उसे सुरक्षित स्थान पर जंगल में छोड़ने की तैयारी की।
सर्प मित्र सूर्यकांत साहू ने कहा कि, पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में सभी जीव-जंतुओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। सांपों को देखकर डरने के बजाय सावधानी बरतनी चाहिए। उन्होंने कहा कि, अक्सर लोगों के मन में यह गलत धारणा रहती है कि सांप मौका मिलते ही इंसान को काट लेते हैं, जबकि सांप सामान्य परिस्थितियों में बिना वजह किसी को नहीं काटते। इसी भय और गलतफहमी के कारण लोग सांपों को मार देते हैं, जो पर्यावरण के लिए नुकसानदायक है। उन्होंने लोगों से अपील की कि, घर या आसपास सांप दिखाई देने पर उसे मारने के बजाय तत्काल प्रशिक्षित सर्प मित्र को सूचना दें। मालूम हो कि सूर्यकांत साहू को पर्यावरण मित्र के रूप में भी जाना जाता है। वह अब तक पांच हजार से अधिक सांपों का सफलतापूर्वक रेस्क्यू कर चुके हैं और उन्हें सुरक्षित प्राकृतिक आवास में छोड़ा है। वन्यजीव संरक्षण और सर्प संरक्षण के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय कार्य के लिए समय-समय पर उनका सम्मान भी किया जाता रहा है। हाल ही में प्रशासन की ओर से भी उनके प्रशंसनीय कार्य के लिए उन्हें प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया है।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा

