शिकायत के बाद ग्राम पंचायत कोर्रा में स्थानापन्न चुनाव की तैयारी
धमतरी, 18 सितंबर (हि.स.)। ग्राम पंचायत कोर्रा में सरपंच पद से बर्खास्तगी के बाद उपसरपंच को वित्तीय एवं प्रशासनिक कार्यभार सौंपे जाने को लेकर विवाद गहरा गया है। मामले में शिकायत के बाद जिला प्रशासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए हैं। इसके साथ ही नियमानुसार स्थानापन्न चुनाव की प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी भी की जा रही है।
जानकारी के अनुसार विकासखंड कुरूद के ग्राम पंचायत कोर्रा में स्थानीय प्रशासन पिछले लगभग दो वर्षों से विभिन्न विवादों को लेकर चर्चा में रहा है। 12 जून 2026 को तत्कालीन सरपंच यमुना कामड़े को पद से बर्खास्त कर दिया गया था। इसके बाद जनपद पंचायत सीईओ द्वारा आदेश जारी कर उपसरपंच चोवाराम साहू को वित्तीय एवं प्रशासनिक कार्यभार सौंपा गया। ग्रामीणों ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए इसे नियमों के विपरीत बताया है। साथ ही चोवाराम साहू पर पूर्व में वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए जाने की बात भी सामने आई है।
आरटीआई एवं सामाजिक कार्यकर्ता टिकेश्वर साहू ने सूचना के अधिकार के तहत ग्राम पंचायत कोर्रा की आरक्षण सूची और सरपंच यमुना कामड़े के बर्खास्तगी आदेश की प्रतियां प्राप्त कर इन दस्तावेजों के आधार पर कलेक्टर धमतरी के समक्ष शिकायत प्रस्तुत की। शिकायत के बाद जिला पंचायत सीईओ ने मामले की जांच के निर्देश दिए हैं। जांच प्रक्रिया के साथ ही नियमानुसार स्थानापन्न चुनाव कराने की तैयारी शुरू होने की जानकारी सामने आई है। सामाजिक कार्यकर्ता टिकेश्वर साहू ने आरोप लगाया कि जनपद पंचायत कुरूद के सीईओ द्वारा ग्राम पंचायत सचिवालय में नवीन सचिव को एकपक्षीय तरीके से प्रभार सौंपने का आदेश जारी किया गया, जिस पर उन्होंने आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि नए सरपंच के चुनाव के बाद ग्राम पंचायत के वित्तीय एवं प्रशासनिक मामलों की विस्तृत जांच कराई जानी चाहिए। उन्होंने जिला पंचायत से इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा

