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वन विभाग का ट्रक पलटने के महीने भर बाद भी ना मुआवजा मिला ना दोषियों पर हुई कार्रवाई

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वन विभाग का ट्रक पलटने के महीने भर बाद भी ना मुआवजा मिला ना दोषियों पर हुई कार्रवाई


जगदलपुर, 30 जून (हि.स.)। बस्तर जिले के कोलेंग वन परिक्षेत्र में वन विभाग का ट्रक पलटने के मामले में पीडित पक्षों ने विभाग पर मुआवजा न देने और दोषियों पर कार्रवाई नही करने के आरोप लगाए हैं। घटना में एक हमाल की मौत हो गई थी, जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल सहित पांच अन्य हमाल घायल हुए थे। दुर्घटना के एक महीने बाद भी पीडित परिवार आर्थिक सहायता और न्याय के लिए मांग कर रहे हैं।

मृतक की पत्नी बसंती बघेल ने आज मंगलवार काे बताया कि उन्हें विभाग द्वारा दैनिक वेतन भोगी के रूप में रखने का केवल मौखिक आश्वासन दिया गया है, लेकिन कोई आधिकारिक मुआवजा नहीं मिला है।दुर्घटना के समय केबिन में सवार हमालों के अनुसार नियमित ड्राइवर नीलकंठ ध्रुव की अनुपस्थिति में गाड़ी हेल्पर बंसी गोयल चला रहा था। हमालों का कहना है कि बंसी ने उन्हें ब्रेक फेल होने की बात कही थी, जिसके बाद मोड़ पर वाहन पलट गया। हेल्पर बंसी गोयल ने भी चर्चा में स्वीकार किया है कि ब्रेक फेल होने के समय ट्रक वही चला रहा था।

यह मामला 26 मई 2026 का है, जब दरभा वन परिक्षेत्र कोलेंग से लकड़ी के गोले (कास्ट) लोड करके लौटते समय वन विभाग का ट्रक घाटी में अनियंत्रित होकर पलट गया। इस हादसे में ट्रक पर सवार हमाल उमेश बघेल (निवासी तराईगुड़ा) की लकड़ी के नीचे दबने से मौके पर ही मृत्यु हो गई। वहीं मिठू राम कश्यप का हाथ टूट गया और रीढ़ की हड्डी में गंभीर चोटें आईं। इसके अलावा सुकरु बघेल, परशु, जयमन, मोहन और खोडिया को भी चोटें आईं, जिन्होंने अपना इलाज स्वयं करवाया। मृतक के भाई सुकरू का आरोप है कि विभाग ने तात्कालिक सहायता के रूप में केवल 50 हजार रुपये दिए हैं, जबकि अंतिम संस्कार और अन्य कार्यों में इससे अधिक राशि खर्च हो गई। वहीं गंभीर रूप से घायल मिठू राम कश्यप के परिजनों का कहना है कि उन्हें इलाज या दवाई के लिए विभाग की ओर से कोई आर्थिक मदद नहीं मिली है और वे एक महीने से काम करने में असमर्थ हैं।

मामले की जांच कर रहे एसडीओ (वन) योगेश रात्रे ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है और विभाग मृतक की पत्नी को नियमानुसार उचित मुआवजा दिलाने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच में चालक की संलिप्तता या दोष सिद्ध होते ही उसके विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई जाएगी और नियमानुसार बर्खास्तगी की कार्रवाई की जाएगी

हिन्दुस्थान समाचार / राकेश पांडे