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एमसीबी : कलेक्टर ने चिरमिरी और खड़गवां में जनसुविधाओं का लिया जायजा, जल संरक्षण को बताया प्राथमिकता

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एमसीबी : कलेक्टर ने चिरमिरी और खड़गवां में जनसुविधाओं का लिया जायजा, जल संरक्षण को बताया प्राथमिकता


एमसीबी : कलेक्टर ने चिरमिरी और खड़गवां में जनसुविधाओं का लिया जायजा, जल संरक्षण को बताया प्राथमिकता


एमसीबी : कलेक्टर ने चिरमिरी और खड़गवां में जनसुविधाओं का लिया जायजा, जल संरक्षण को बताया प्राथमिकता


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एमसीबी : कलेक्टर ने चिरमिरी और खड़गवां में जनसुविधाओं का लिया जायजा, जल संरक्षण को बताया प्राथमिकता


मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, 14 मई (हि.स.)। छत्तीसगढ़ में मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले की कलेक्टर संतन देवी जांगड़े ने गुरुवार काे चिरमिरी और खड़गवां क्षेत्र का सघन दौरा किया। इस दौरान उन्होंने न केवल विकास कार्यों की प्रगति देखी, बल्कि आम जनता से जुड़ी मूलभूत सुविधाओं और भविष्य की जरूरतों, विशेषकर जल संरक्षण के इंतजामों का बारीकी से निरीक्षण किया।

कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि प्रशासन का मुख्य ध्येय केवल निर्माण करना नहीं, बल्कि उसकी गुणवत्ता और जनता के लिए उसकी उपयोगिता सुनिश्चित करना है। दौरे की शुरुआत चिरमिरी स्थित मंगल भवन से हुई, जहाँ उन्होंने सार्वजनिक आयोजनों की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। भवन के साउंड सिस्टम में खराबी की शिकायत पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने इसे तत्काल दुरुस्त करने के निर्देश दिए। इसके बाद, लाल बहादुर शास्त्री स्टेडियम पहुँचीं कलेक्टर ने वहाँ सुरक्षा इंतजामों और आगामी राम कथा आयोजन की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने हेलीपैड क्षेत्र में बैरिकेडिंग और अन्य प्रबंधों को समय सीमा के भीतर पूरा करने के सख्त निर्देश दिए ताकि आयोजन निर्बाध रूप से संपन्न हो सके।

शिक्षा और पर्यावरण के समन्वय पर जोर देते हुए कलेक्टर ने पोड़ीडीह स्थित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय के ऑडिटोरियम का अवलोकन किया। विद्यालय परिसर की खाली भूमि को देखकर उन्होंने वहां जल पुनर्भरण (Water Recharge) संरचनाएं और तालाब निर्माण की योजना बनाने को कहा। उन्होंने जोर देते हुए कहा, जल संरक्षण आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है और हमें वर्षा जल संचयन को अपनी कार्यशैली का अनिवार्य हिस्सा बनाना होगा।

ग्रामीण क्षेत्रों के विकास का हाल जानने के लिए कलेक्टर महोदया ग्राम पंचायत बोड़ेमुड़ा, पेंड्री और बरदर भी पहुँचीं। यहाँ उन्होंने 'महतारी सदनों' का निरीक्षण किया और ग्रामीण विकास योजनाओं की जमीनी हकीकत परखी। उन्होंने जिला पंचायत के अधिकारियों को निर्देशित किया कि गांवों में कुएं, डबरी और तालाबों के निर्माण को मिशन मोड में लिया जाए ताकि ग्रामीणों को जल संकट से स्थायी मुक्ति मिल सके। इस पूरे दौरे के दौरान पुलिस अधीक्षक रत्ना सिंह, जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम और अन्य वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी साथ रहे।

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हिन्दुस्थान समाचार / पारस नाथ सिंह