नवरात्रि का समापन: माँ सर्वमंगला देवी मंदिर में हवन-पूजन, कन्या भोज; कल होगा जवारा विसर्जन
कोरबा, 26 मार्च (हि. स.)। चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर माँ सर्वमंगला देवी मंदिर में अष्टमी तिथि पर श्रद्धा और आस्था का विशेष माहौल देखने को मिला। महागौरी स्वरूप की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई, जहां सुबह से लेकर देर शाम तक भक्तों की लंबी कतारें लगी रहीं।
मंदिर में राजपुरोहित नमन पाण्डेय (नन्हा महराज) सपत्नीक यजमान के रूप में विराजमान हुए और विद्वान आचार्यों एवं पंडितों के सानिध्य में हवन-पूजन संपन्न कराया गया। वैदिक मंत्रोच्चार और शंखनाद से पूरा मंदिर परिसर घंटों तक गूंजायमान रहा। हवन के दौरान उठता सात्विक धुआं वातावरण को पवित्रता का संदेश देता रहा।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, हवन के धुएं से वातावरण शुद्ध होता है और देवी-देवता प्रसन्न होकर भक्तों को आशीर्वाद प्रदान करते हैं। इस अवसर पर विश्व कल्याण, शांति और समृद्धि की कामना की गई। राजपुरोहित ने प्रार्थना की कि माँ सर्वमंगला सभी जीवों में सद्भाव, शांति और सुख-समृद्धि का संचार करें।
हवन-पूजन के पश्चात देवी स्वरूपा कन्याओं का पूजन कर उन्हें छप्पन भोग का प्रसाद कराया गया। कन्याओं का चरण पखारकर उनका आशीर्वाद लिया गया और उन्हें उपहार भी भेंट किए गए। सनातन परंपरा में कन्या पूजन को विशेष महत्व दिया जाता है, जिसे माँ दुर्गा के स्वरूप की आराधना माना जाता है।
कल होगा जवारा विसर्जन
नवरात्रि का समापन कल नवमी तिथि पर होगा। इस अवसर पर माँ सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना की जाएगी। गोधूली बेला में जवारा कलश की विधिवत पूजा के बाद भव्य शोभायात्रा निकाली जाएगी, जो हसदेव घाट तक पहुंचेगी। यहां पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ जवारा कलशों का विसर्जन किया जाएगा।
ढोल-ताशों और भक्ति संगीत के बीच निकलने वाली यह यात्रा पूरे क्षेत्र में आस्था और उत्साह का वातावरण बनाएगी। इसी के साथ नौ दिनों तक चले शक्ति उपासना के महापर्व चैत्र नवरात्रि का विधिवत समापन होगा।
हिन्दुस्थान समाचार / हरीश तिवारी

