झीरम घाटी नक्सली वारदात में अंतिम बहस के बाद संभावित फैसले की उम्मीदें बढ़ी
जगदलपुर , 12 अगस्त (हि.स.)। जिला न्यायालय जगदलपुर के एनआईए न्यायालय में जारी झीरम घाटी नक्सली वारदात की न्यायिक प्रक्रिया अंतिम बहस के दौर में पहुंच जाने से अब झीरम मामले के संभावित फैसले को लेकर भी उम्मीदें बढ़ गई हैं। मंगलवार को बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता अरविंद चौधरी के द्वारा अपनी अंतिम दलीलें रखी गई थी, जाे संभवत: आज बुधवार काे पूरी हाे जायेगी। इसके बाद सरकारी पक्ष की ओर से एनआईए के अधिवक्ता दिनेश पाणिग्राही अपनी अंतिम दलील रखेंगे, जिसके बाद झीरम घाटी नक्सली वारदात की सुनवाई आज पूरी हाे जाने की संभाावना है। इसके बाद देश को झकझोर कर रख देने वाले 13 वर्ष पुराने इस मामले के फैसले की तारीख सामने आ जायेगी।
गाैरतलब है कि सोमवार को जगदलपुर की एनआईए कोर्ट में मामले की अंतिम बहस शुरू हुई। लंच के बाद दोपहर करीब 3 बजे सरकारी पक्ष की ओर से अधिवक्ता दिनेश पाणिग्राही ने बहस शुरू की, जो करीब दो घंटे तक चली। समय अधिक होने के कारण अदालत ने मामले की आगे की बहस और सुनवाई के लिए मंगलवार सुबह 11 बजे का समय निर्धारित किया था। मंगलवार काे एनआईए के अधिवक्ता की बहस के बाद बचाव पक्ष की ओर से अपनी अंतिम दलीलें प्रस्तुत की जा रही है, आरोपियों की ओर से भी अपना पक्ष रखा जाना है। इसके बाद अदालत की कार्रवाई किस दिशा में आगे बढ़ती है, इस पर सबकी नजर रहेगी।
झीरम घाटी नक्सली वारदात में 25 मई 2013 को हुए हमले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और सुरक्षा बलों के जवानों सहित बड़ी संख्या में लोगों की जान गई थी। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था। लंबे समय से चल रही न्यायिक प्रक्रिया के बाद अब मामला अंतिम बहस के चरण में पहुंचने से सभी की नजरें अदालत की आगामी सुनवाई पर टिक गई है। हालांकि आज बुधवार को बहस पूरी होती है या सुनवाई आगे किसी अन्य तारीख तक जाती है, यह अदालत की कार्यवाही पर निर्भर करेगा। मामले में फैसला कब सुनाया जाएगा, इसे लेकर फिलहाल आधिकारिक रूप से स्पष्ट नहीं है। अंतिम बहस में शामिल होने के लिए सेंट्रल जेल जगदलपुर से 10 बंदियों को अदालत लाया गया। मामले में 11 आरोपी थे, जिसमें एक की मृत्यु हो चुकी है। इनमें दो महिलाएं भी शामिल थीं। सुरक्षा व्यवस्था के बीच सभी को न्यायालय में पेश किया गया और सुनवाई की प्रक्रिया में शामिल किया गया।
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हिन्दुस्थान समाचार / राकेश पांडे

