2371 आंगनबाड़ी केंद्रों में होंगे ‘आंगन मिलन सेवा’ के कार्यक्रम
25 सितंबर से 7 अक्टूबर तक चौपाल, मातृ संवाद, न्योता भोज और सम्मान समारोह होंगे आयोजित
बलरामपुर, 18 सितंबर (हि.स.)। सेवा संकल्प अभियान के तहत जिले के सभी 2371 आंगनबाड़ी केंद्रों में ‘आंगन मिलन सेवा’ की गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से 25 सितंबर, 28 सितंबर और 7 अक्टूबर को अलग-अलग चरणों में कार्यक्रम किए जाएंगे। इनका उद्देश्य पोषण, स्वास्थ्य, महिला कल्याण और शासकीय योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुंचाने के साथ आंगनबाड़ी केंद्रों में जनभागीदारी बढ़ाना है।
अभियान का पहला चरण 25 सितंबर को ‘आंगन मिलन सेवा चौपाल’ से शुरू होगा। इसमें हितग्राही माताओं, स्वयं सहायता समूह की महिलाओं, अभिभावकों, मितानिनों और जनप्रतिनिधियों की भागीदारी होगी। चौपाल में पोषण और स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी देने के साथ ‘मेरी पौष्टिक थाली’ का प्रदर्शन किया जाएगा। स्थानीय स्तर पर पौष्टिक भोजन तैयार करने की विधि भी बताई जाएगी।
इस दौरान बच्चों के लिए खेल और सांस्कृतिक कार्यक्रम, मिठाई एवं फल वितरण तथा स्वास्थ्य एवं पोषण विषय पर चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित होगी। स्वस्थ शिशु प्रतियोगिता के माध्यम से दो सुपोषित बच्चों और उनकी माताओं को सम्मानित किया जाएगा। महिलाओं, बच्चों और गर्भवती माताओं के स्वास्थ्य परीक्षण एवं टीकाकरण की व्यवस्था स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से की जाएगी।
आंगनबाड़ी केंद्रों में पोषण वाटिका विकसित करने और घरों में भी पोषण वाटिका अपनाने के लिए लोगों को प्रेरित किया जाएगा। बच्चों के लिए खिलौने और खेल सामग्री दान करने की अपील भी की जाएगी। जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और मितानिनों का सम्मान किया जाएगा। महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लाभार्थी अपने अनुभव भी साझा करेंगे।
दूसरे चरण में 28 सितंबर को ‘मातृ संवाद एवं न्योता भोज’ आयोजित होगा। इसमें गर्भवती महिलाओं, शिशुवती माताओं, महिला जनप्रतिनिधियों और बच्चों की माताओं को आमंत्रित कर पोषण एवं स्वास्थ्य से जुड़ी जानकारी दी जाएगी। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के पात्र हितग्राहियों का पंजीयन भी किया जाएगा। स्थानीय पारंपरिक व्यंजनों की पौष्टिकता और उन्हें तैयार करने की विधि के बारे में भी जानकारी दी जाएगी।
इस दौरान महिलाओं के लिए रंगोली, मेहंदी, व्यंजन और खेलकूद प्रतियोगिताएं होंगी। समुदाय की भागीदारी से बच्चों के लिए ‘न्योता भोज’ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें गर्म भोजन के साथ खीर, पूरी या हलवा, स्थानीय फल और प्रोटीनयुक्त खाद्य पदार्थ शामिल किए जाएंगे।
अभियान के अंतिम चरण में 7 अक्टूबर को विकासखंड और परियोजना स्तर पर ‘आंगन मिलन सेवा सम्मान’ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसमें जनप्रतिनिधियों, स्वयं सहायता समूहों, हितग्राही माताओं, अभिभावकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और मितानिनों की सहभागिता रहेगी। स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से जांच शिविर लगाया जाएगा। महतारी वंदन योजना की राशि का उपयोग स्वयं और बच्चों के पोषण पर करने वाली पांच माताओं को ‘पोषण शक्ति सम्मान’ से सम्मानित किया जाएगा।
महिला एवं बाल विकास विभाग के अनुसार इन गतिविधियों के माध्यम से आंगनबाड़ी केंद्रों को पोषण और बाल विकास के साथ स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, बाल सुरक्षा, जनसंवाद और शासकीय योजनाओं की जानकारी के केंद्र के रूप में विकसित करने का प्रयास किया जा रहा है। विभाग ने जिलेवासियों से कार्यक्रमों में भाग लेने, बच्चों के लिए खिलौने व खेल सामग्री दान करने और पोषण वाटिका विकसित करने में सहयोग करने की अपील की है।
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हिन्दुस्थान समाचार / विष्णु पांडेय

