कोरबा : मिनीमाता बांगो जलाशय में 89.55 प्रतिशत जलभराव, कभी भी खोले जा सकते हैं गेट
कोरबा, 8 अगस्त (हि. स.)। कोरबा जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच मिनीमाता बांगो जलाशय में जलभराव तेजी से बढ़ रहा है। जलाशय में वर्तमान में 89.55 प्रतिशत पानी भर चुका है। जल संसाधन विभाग ने जलाशय में पानी की आवक बढ़ने की स्थिति में कभी भी गेट खोलकर पानी हसदेव नदी में प्रवाहित किए जाने की संभावना जताई है। इसे देखते हुए नदी के किनारे और संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की अपील की गई है।
मिनीमाता हसदेव बांगो बांध संभाग क्रमांक-3 माचाडोली के कार्यपालन अभियंता एस.के. भारती के अनुसार बारिश के कारण बांगो जलाशय के जलस्तर में लगातार वृद्धि हो रही है। वर्तमान स्थिति में जलाशय 89.55 प्रतिशत भर चुका है। यदि जलाशय में पानी की आवक इसी तरह बढ़ती रही तो जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए बांध के गेट खोले जा सकते हैं और अतिरिक्त पानी हसदेव नदी में छोड़ा जा सकता है।
जल संसाधन विभाग ने शनिवार काे हसदेव नदी के किनारे तथा बांध के नीचे आने वाले संभावित बाढ़ क्षेत्र में स्थापित चल-अचल संपत्तियों को सुरक्षित स्थानों पर हटाने की सूचना जारी की है। विभाग ने आम नागरिकों के साथ-साथ खनिज खदानों के ठेकेदारों, औद्योगिक इकाइयों और विभिन्न संस्थानों को भी अपनी संपत्तियों को बाढ़ क्षेत्र से बाहर सुरक्षित स्थान पर ले जाने के निर्देश दिए हैं।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि बांध से पानी छोड़े जाने के बाद अचानक बाढ़ की स्थिति निर्मित होने पर बाढ़ क्षेत्र में मौजूद संपत्तियों को होने वाली किसी भी प्रकार की क्षति के लिए जल संसाधन विभाग जिम्मेदार नहीं होगा। संभावित खतरे को देखते हुए बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में आने वाले गांवों में बाढ़ चेतावनी की मुनादी कराने के निर्देश भी दिए गए हैं।
जल संसाधन विभाग के अनुसार बांगो जलाशय से पानी छोड़े जाने की स्थिति में हसदेव नदी के किनारे स्थित कई गांव प्रभावित हो सकते हैं। संभावित बाढ़ क्षेत्र में बांगो, चर्रा, पोड़ी उपरोड़ा, कोनकोना, लेपरा, टुनियाकछार, पाथा, गाड़ाघाट, छिनमेर, कछार, कलमीपारा, सिलीयारीपारा, जूनापारा, तिलाईडाड, डुगुपारा, टुंगुमांड़ा, छिर्रापारा, मछलीबाटा, कोरियाघाट, धनगांव, डोंगाघाट, नरमदा, औराकछार, सोनगुड़ा, जेलगांव, झाबू, नवागांव, तिलसाभाटा, लोतलोता, स्याहीमुड़ी, कोडा, हथमार, झोरा और सिरकीकला सहित अन्य गांव शामिल हैं।
प्रशासन और जल संसाधन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे हसदेव नदी और जलाशय के आसपास के निचले क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से न जाएं। नदी का जलस्तर बढ़ने की स्थिति में विशेष सावधानी बरतें और प्रशासन द्वारा जारी चेतावनी एवं निर्देशों का पालन करें।
बारिश के लगातार जारी रहने और बांगो जलाशय में 89.55 प्रतिशत जलभराव को देखते हुए आने वाले समय में जलस्तर और बढ़ने की संभावना बनी हुई है। ऐसे में जलाशय के गेट खोले जाने की स्थिति में हसदेव नदी के जलस्तर में अचानक वृद्धि हो सकती है। विभाग ने संभावित बाढ़ की स्थिति से पहले ही लोगों और संबंधित संस्थानों को अपनी परिसंपत्तियां सुरक्षित करने के निर्देश देकर सतर्क कर दिया है।
हिन्दुस्थान समाचार/ हरीश तिवारी
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हिन्दुस्थान समाचार / हरीश तिवारी

