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कल बंद होंगे 5 आईपीओ, किसमें होगा मुनाफा, किसमें लग सकता है चूना, जानिए विशेषज्ञों की राय

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कल बंद होंगे 5 आईपीओ, किसमें होगा मुनाफा, किसमें लग सकता है चूना, जानिए विशेषज्ञों की राय


नई दिल्ली, 18 अक्टूबर (हि.स.)। भारतीय शेयर बाजार के प्राइमरी मार्केट में पांच कंपनियों के आईपीओ की क्लोजिंग होने वाली है। यानी निवेशक कल तक इन आईपीओ में बोली लगा सकते हैं। माना जा रहा है कि इन पांच आईपीओ में से एक में निवेशकों को जबरदस्त लिस्टिंग गेन मिलने की संभावना है, जबकि दो आईपीओ में लिस्टिंग लॉस का भी सामना करना पड़ सकता है। वहीं, शेष दो आईपीओ में एक को मार्केट एक्सपर्ट यलो जोन में रख रहे हैं। यानी इस आईपीओ में सामान्य परिस्थितियों में लॉस तो नहीं होगा लेकिन बंपर लिस्टिंग गेन की संभावना कम है। वहीं, एक आईपीओ को ऑरेंज जोन में रखा गया है। यानी इस आईपीओ में गेन और लॉस की संभावना 50-50 है।

धामी सिक्योरिटीज के वाइस प्रेसिडेंट प्रशांत धामी और खुराना सिक्योरिटीज एंड फाइनेंशियल सर्विसेज के सीईओ रविचंदर खुराना ने इस सप्ताह बंपर कमाई कराने की सबसे मजबूत संभावना वाले ग्रीन जोन में अकेले टोंबो इमेजिंग इंडिया के आईपीओ को जगह दी है। बेंगलुरु की इस डिफेंस और एयरोस्पेस कंपनी के यूनीक बिजनेस मॉडल को बाजार में हाथों-हाथ लिया जा रहा है। ये कंपनी मुख्य रूप से थर्मल इमेजिंग और मिसाइल सीकर सिस्टम जैसे आधुनिक सुरक्षा उत्पाद बनाती है। यह इश्यू अभी तक 7.78 गुना सब्सक्राइब होकर सबसे आगे चल रहा है। ग्रे मार्केट में भी इसका जबरदस्त दबदबा साफ नजर आ रहा है, जहां इसका मौजूदा ग्रे मार्केट प्रीमियम (जीएमपी) 505 रुपये प्रति शेयर पर पहुंच गया है। यह इसके 665 से 700 रुपये वाले प्राइस बैंड के मुकाबले 72.14 फीसदी का शानदार प्रीमियम दर्शाता है। इस मजबूती को देखते हुए इसके करीब 1,205 रुपये प्रति शेयर पर लिस्ट होने के संकेत मिल रहे हैं, जिसके चलते सीनियर ब्रोकर्स ने इसे लिस्टिंग गेन के लिए इस हफ्ते का सबसे बेहतरीन विकल्प बताते हुए स्ट्रॉन्ग सब्सक्राइब की रेटिंग दी है।

इसके बाद मध्यम जोखिम और स्थिर रिटर्न चाहने वाले निवेशकों के लिए तैयार किए गए येलो जोन में बोनफिग्लियोली ट्रांसमिशन के आईपीओ को शामिल किया गया है। इंडस्ट्रियल गियरबॉक्स और रोबोटिक्स कंपोनेंट सेक्टर में काम करने वाली इस कंपनी के फाइनेशियल फंडामेंटल्स को काफी मजबूत माना जा रहा है। कंपनी का 2,533.66 करोड़ रुपये का इश्यू अभी तक करीब 0.99 गुना सब्सक्राइब होकर फुली सब्सक्राइब होने के काफी करीब पहुंच चुका है। इसका प्राइस बैंड 558 रुपये से 586 रुपये तय किया गया है और ग्रे मार्केट में यह फिलहाल 132 रुपये के मजबूत स्तर पर ट्रेड कर रहा है, जो निवेशकों को लगभग 22.53 प्रतिशत मुनाफे का संकेत दे रहा है। चूंकि यह इश्यू पूरी तरह प्रमोटर्स द्वारा लाया गया ऑफर फॉर सेल है इसलिए सीनियर ब्रोकर्स इसे शॉर्ट टर्म के बजाय लंबी अवधि के पोर्टफोलियो के लिए एक सुरक्षित और बेहतर निवेश विकल्प मान रहे हैं।

विशेषज्ञों ने भारी जोखिम और सीमित संभावनाओं वाले ऑरेंज जोन के दायरे में इस हफ्ते के एकमात्र एसएमई सेगमेंट के पब्लिक इश्यू शेल्ज इंडिया आईपीओ को रखा है। आमतौर पर एसएमई कैटेगरी के शेयरों में न्यूनतम निवेश की राशि काफी बड़ी होती है और मुख्य बाजार की तुलना में इनमें ट्रेडिंग के दौरान लिक्विडिटी का भारी संकट देखने को मिलता है। पैक्ड फूड सेक्टर की इस कंपनी का 59.97 करोड़ रुपये का यह इश्यू अब तक 0.89 गुना सब्सक्राइब हुआ है। ग्रे मार्केट में इसका प्रीमियम 25 रुपये दर्ज किया गया है, जो इसके 170 से 179 रुपये के प्राइस बैंड पर 13.97 प्रतिशत का मुनाफा दिखाता है। हालांकि मुनाफा सकारात्मक है लेकिन एसएमई नियमों के चलते इसमें न्यूनतम निवेश करीब 1 लाख रुपये से ऊपर का होगा। लिक्विडिटी के संकट और उतार-चढ़ाव के बड़े खतरे को देखते हुए ब्रोकर्स ने खुदरा निवेशकों को इसमें अत्यधिक सतर्कता बरतने की सलाह दी है।

सबसे अंत में बाजार विश्लेषकों ने अत्यधिक जोखिम और पूंजी फंसने की आशंका वाले डेंजर यानी रेड जोन में सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज (एसएमटी) और जेटवर्क मैन्युफैक्चरिंग बिजनेस के आईपीओ को रखा है। हार्ट स्टेंट और वैस्कुलर डिवाइसेज बनाने वाली कंपनी सहजानंद मेडिकल टेक्नोलॉजीज का मुनाफा भले ही बढ़ा हो लेकिन बाजार को इसका मौजूदा वैल्यूएशन काफी महंगा लग रहा है। इसका 475.48 करोड़ रुपये का इश्यू अब तक 0.83 गुना भरा है और ग्रे मार्केट में इसका प्रीमियम महज 15 रुपये यानी सिर्फ 4.36 प्रतिसत के करीब अटका हुआ है। सीमित प्रीमियम के चलते ब्रोकर्स ने इस पर 'न्यूट्रल' रुख अपनाया है और इसमें लिस्टिंग गेन की उम्मीद न के बराबर जताई है।

इसी जोन की दूसरी कंपनी जेटवर्क मैन्युफैक्चरिंग बिजनेसेज के लिए हालात और भी ज्यादा चिंताजनक नजर आ रहे हैं। 5,012.33 करोड़ रुपये के इस भारी-भरकम आईपीओ को अभी तक सिर्फ 31 प्रतिशत सब्सक्रिप्शन ही मिल सका है। सीनियर ब्रोकर्स ने कंपनी के लगातार घाटे में रहने के पुराने ट्रैक रिकॉर्ड और बढ़ते कर्ज के बोझ को लेकर गहरी चिंता जताई है। इसका प्राइस बैंड 143 से 151 रुपये निर्धारित है, जबकि ग्रे मार्केट में इसका प्रीमियम सिर्फ 7.2 रुपये यानी 4.77 प्रतिशत के स्तर पर है।

मार्केट एक्सपर्ट्स का साफ कहना है कि यदि सोमवार को बड़े संस्थागत निवेशकों (क्यूआईबी) की तरफ से बड़ी बोलियां नहीं आती हैं तो यह शेयर अपनी इश्यू प्राइस के बेहद करीब या नीचे लिस्ट होकर निवेशकों को नुकसान पहुंचा सकता है। ऐसे में प्रशांत धामी और रविचंदर खुराना का कहना है कि सोमवार को सुरक्षित मुनाफे के लिए टोंबो इमेजिंग सबसे बेस्ट दांव हो सकता है, जबकि जेटवर्क और सहजानंद मेडिकल जैसी बेहद कम प्रीमियम वाली कंपनियों से खुदरा निवेशकों को फिलहाल दूरी बनाकर रखनी चाहिए।

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हिन्दुस्थान समाचार / योगिता पाठक