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डिग्री कॉलेज स्थानांतरण पर बवाल, छात्रों का आंदोलन तेज

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डिग्री कॉलेज स्थानांतरण पर बवाल, छात्रों का आंदोलन तेज


भागलपुर, 04 जुलाई (हि.स.)। बिहार सरकार द्वारा डिग्री कॉलेज विहीन प्रखंडों में उच्च शिक्षा की सुविधा उपलब्ध कराने की योजना के तहत रंगरा प्रखंड में डिग्री कॉलेज की स्थापना को लेकर विवाद गहरा गया है। शिक्षा विभाग द्वारा पहले प्रखंड मुख्यालय स्थित तेज नारायण उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर में डिग्री कॉलेज स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू की गई थी, लेकिन बाद में अधिसूचना जारी कर कॉलेज को सुदूर दियारा क्षेत्र स्थित संत विनोवा उच्च माध्यमिक विद्यालय, तिनटंगा में संचालित करने का निर्णय लिया गया।

विभाग के इस फैसले के विरोध में छात्रों, युवाओं और ग्रामीणों ने आमरण अनशन शुरू कर दिया है। अनशन कर रहे लोगों का आरोप है कि शिक्षा विभाग का निर्णय न्यायोचित नहीं है और इससे बड़ी संख्या में ग्रामीण छात्रों की उच्च शिक्षा प्रभावित होगी। पहले रंगरा प्रखंड मुख्यालय में हुई थी स्थापना की घोषणा।

बताया जा रहा है कि रंगरा प्रखंड मुख्यालय स्थित तेज नारायण उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर में डिग्री कॉलेज की स्थापना की घोषणा की गई थी। प्रभारी प्राचार्य की पदस्थापना और नामांकन की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी थी। लेकिन बाद में शिक्षा विभाग ने अधिसूचना जारी कर कॉलेज को संत विनोवा उच्च माध्यमिक विद्यालय, तिनटंगा में संचालित करने का निर्णय ले लिया।

ग्रामीणों का कहना है कि संत विनोवा उच्च माध्यमिक विद्यालय पहले से ही मॉडल स्कूल के रूप में अधिसूचित है। ऐसे में उसी परिसर में डिग्री कॉलेज स्थापित करना अन्य विद्यालयों के साथ भेदभाव है। उनका कहना है कि तेज नारायण उच्च माध्यमिक विद्यालय में पर्याप्त भवन और कमरे उपलब्ध हैं तथा वहां कॉलेज संचालन के लिए सभी आवश्यक संसाधन मौजूद हैं। आंदोलन कर रहे लोगों का कहना है कि तेज नारायण उच्च माध्यमिक विद्यालय प्रखंड मुख्यालय से करीब डेढ़ किलोमीटर की दूरी पर स्थित है और लगभग सभी पंचायतों के विद्यार्थियों के लिए सुगम है। यहां तक पहुंचने के लिए सड़क, रेल और बस जैसी परिवहन सुविधाएं उपलब्ध हैं। गरीब छात्र-छात्राएं पैदल भी आसानी से आ-जा सकते हैं। वहीं, संत विनोवा उच्च माध्यमिक विद्यालय प्रखंड मुख्यालय से लगभग 12 से 14 किलोमीटर दूर दियारा क्षेत्र में स्थित है। कई पंचायतों से इसकी दूरी 16 से 17 किलोमीटर तक है। गंगा कटाव प्रभावित क्षेत्र में होने के कारण बरसात और बाढ़ के दौरान आवागमन बाधित रहता है, जिससे पढ़ाई प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है।

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हिन्दुस्थान समाचार / बिजय शंकर