समय पर पहचान से दो मासूमों को मिली नई जिंदगी की उम्मीद, आईजीआईएमएस पटना रेफर
किशनगंज, 06 अगस्त (हि.स.)। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत किशनगंज जिले के दो गंभीर रूप से बीमार बच्चों को गुरुवार को बेहतर इलाज के लिए पटना स्थित आईजीआईएमएस रेफर किया गया है। इनमें एक बच्ची की ओपन हार्ट सर्जरी होगी, जबकि दूसरे मासूम का एक्स्ट्रा पल्मोनरी टीबी का विशेषज्ञ उपचार किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग ने इसे समय पर बीमारी की पहचान और त्वरित रेफरल व्यवस्था की बड़ी सफलता बताया है।
जानकारी के अनुसार, पोठिया प्रखंड के गेवरालोटी निवासी मोहम्मद अनायत की साढ़े छह वर्षीय पुत्री अंतरा बेगम जन्मजात हृदय रोग (सीएचडी) से पीड़ित है। उसे आईजीआईएमएस में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी ओपन हार्ट सर्जरी की जाएगी। वहीं, दिघलबैंक प्रखंड के हरूवाडांगा निवासी मोहम्मद अख्तर आलम के 18 माह के पुत्र आरिफ अंसारी को चाइल्डहुड एक्स्ट्रा पल्मोनरी टीबी के उन्नत उपचार के लिए रेफर किया गया है।
डीपीएम डॉ. मुनाजिम ने बताया कि आरबीएसके के तहत जन्म से 18 वर्ष तक के बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच की जाती है। विशेष मोबाइल टीमें आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालयों और स्वास्थ्य संस्थानों में स्क्रीनिंग कर गंभीर बीमारियों की पहचान करती हैं। जरूरत पड़ने पर बच्चों को बिना आर्थिक बोझ के सुपर स्पेशियलिटी अस्पतालों में रेफर कर उपचार उपलब्ध कराया जाता है।
उन्होंने बताया कि दोनों बच्चों की बीमारी की पहचान आरबीएसके टीम ने नियमित जांच के दौरान की थी। विशेषज्ञों की सलाह के बाद त्वरित समन्वय स्थापित कर उन्हें आईजीआईएमएस भेजा गया, जिससे इलाज में किसी प्रकार की देरी न हो।
जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार का उद्देश्य है कि आर्थिक अभाव, दूरी या जानकारी के अभाव में कोई भी बच्चा बेहतर इलाज से वंचित न रहे। वहीं सिविल सर्जन ने अभिभावकों से अपील की कि बच्चों में किसी भी प्रकार के असामान्य लक्षण दिखाई देने पर तुरंत सरकारी स्वास्थ्य संस्थान से संपर्क करें, क्योंकि समय पर जांच और उपचार से गंभीर बीमारियों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है।
हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह

