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राजकीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित हुए नरेश कुमार निराला, सुपौल जिले में हर्ष का माहौल

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राजकीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित हुए नरेश कुमार निराला, सुपौल जिले में हर्ष का माहौल


राजकीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित हुए नरेश कुमार निराला, सुपौल जिले में हर्ष का माहौल


सुपौल, 05 सितंबर (हि.स.)। शिक्षक दिवस के अवसर पर छातापुर प्रखंड के आदर्श प्राथमिक विद्यालय केवला के नवाचारी शिक्षक एवं युवा कवि नरेश कुमार निराला को शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट एवं सराहनीय कार्य के लिए बिहार सरकार की ओर से राजकीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

पटना के श्रीकृष्ण मेमोरियल हॉल में आयोजित भव्य समारोह में उन्हें प्रशस्ति-पत्र, मोमेंटो, अंगवस्त्र, पुस्तकें एवं 30 हजार रुपये की सम्मान राशि का चेक प्रदान किया गया। समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव, शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री शीला कुमारी, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत तथा माध्यमिक शिक्षा के उपनिदेशक अमर भूषण सहित शिक्षा विभाग के कई वरीय अधिकारी मौजूद रहे।

नरेश कुमार निराला को राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान मिलने पर सुपौल जिले के शिक्षकों, समाजसेवियों, जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों एवं शिक्षा जगत से जुड़े लोगों में खुशी का माहौल है। विभिन्न लोगों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

बधाई देने वालों में जिला शिक्षा पदाधिकारी संग्राम सिंह, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी मणि भूषण कुमार, महेश पासवान एवं आलोक रंजन, छातापुर के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी देश कुमार यादव, सरायगढ़ के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी शिव शंकर पंडित, डॉ. अखिलेश कुमार, डॉ. रणधीर कुमार राणा, रामदेव प्रसाद, डॉ. आर.के. यादव, प्रमोद कुमार, अंकित कुमार, वंदना कुमारी, प्रेमलता कुमारी एवं प्रेमलता भारती सहित अनेक लोग शामिल हैं।

सम्मान प्राप्त करने के बाद शिक्षक नरेश कुमार निराला ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए मिला यह सम्मान उनके लिए गौरव के साथ-साथ नई जिम्मेदारी और प्रेरणा का विषय है। उन्होंने बिहार सरकार एवं शिक्षा विभाग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा, “यह पुरस्कार सिर्फ मेरा पुरस्कार नहीं है, बल्कि पूरे सुपौल जिले के शिक्षकों, अभिभावकों, जनप्रतिनिधियों, शिक्षा विभाग के पदाधिकारियों और जिलेवासियों का सम्मान है।”

उन्होंने कहा कि शिक्षक के रूप में उनका निरंतर प्रयास बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनमें रचनात्मकता, नवाचार और सीखने के प्रति रुचि विकसित करना रहा है।

बच्चों को पारंपरिक शिक्षण पद्धति के साथ विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों से जोड़कर उनकी प्रतिभा को निखारने का प्रयास किया जाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा मिला यह सम्मान उन्हें भविष्य में शिक्षा के क्षेत्र में और बेहतर एवं प्रभावी कार्य करने के लिए प्रेरित करेगा।

नरेश कुमार निराला के राजकीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित होने पर छातापुर से लेकर पूरे सुपौल जिले में हर्ष और गौरव का माहौल है।

शिक्षकों एवं बुद्धिजीवियों ने कहा कि जिले के एक शिक्षक को राज्य स्तर पर मिला यह सम्मान शिक्षा के क्षेत्र में समर्पित भाव से कार्य कर रहे अन्य शिक्षकों के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेगा। साथ ही इससे जिले की शैक्षणिक प्रतिभाओं और नवाचारी शिक्षकों को आगे बढ़ने का प्रोत्साहन मिलेगा।

हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र