सुपौल में बाढ़ व कटाव से निपटने की तैयारियों का निरीक्षण, मरीचा घाट और मुंगरार पहुंचे अधिकारी
सुपौल, 20 जुलाई (हि.स.)। जिले में संभावित बाढ़ एवं कटाव से निपटने की तैयारियों को लेकर सोमवार को अपर समाहर्ता-सह-आपदा प्रबंधन मोहम्मद तारिक एवं सहायक आपदा प्रबंधन पदाधिकारी ने स्थलीय निरीक्षण कर संवेदनशील क्षेत्रों की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण का उद्देश्य बाढ़ और कटाव की आशंका वाले स्थलों की वास्तविक स्थिति का आकलन कर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाना था।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों की टीम सुपौल अंचल के अति संवेदनशील 64.95 किलोमीटर स्पर (मरीचा घाट) तथा मुंगरार क्षेत्र पहुंची। दोनों स्थानों पर तटबंधों, स्परों की स्थिति, नदी के जलप्रवाह की दिशा तथा आसपास के आबादी वाले क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से निरीक्षण किया गया।अपर समाहर्ता मोहम्मद तारिक ने निरीक्षण के दौरान संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि कटाव रोधी कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने संवेदनशील स्थलों पर जियो बैग, बालू की बोरियां और अन्य आवश्यक कटाव-रोधी सामग्रियों का पर्याप्त भंडारण पहले से सुनिश्चित रखने को कहा, ताकि आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके। उन्होंने कहा कि बाढ़ और कटाव की स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सभी विभागों को सतर्क रहना होगा तथा सुरक्षा संबंधी तैयारियों में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए। जिला प्रशासन लगातार संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी कर रहा है और आवश्यकतानुसार त्वरित कदम उठाए जाएंगे।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र

