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सुपौल में बैंकिंग समीक्षा बैठक: ऋण वितरण बढ़ाने और लंबित आवेदनों के निपटारे पर जोर

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सुपौल में बैंकिंग समीक्षा बैठक: ऋण वितरण बढ़ाने और लंबित आवेदनों के निपटारे पर जोर


सुपौल, 24 मार्च (हि.स.)। जिला मुख्यालय स्थित समाहरणालय के लहटन चौधरी सभागार में मंगलवार को जिला स्तरीय बैंक समीक्षा बैठक का आयोजन अपर समाहर्ता, सुपौल की अध्यक्षता में किया गया।

बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही की प्रगति की समीक्षा की गई। इसका मुख्य उद्देश्य जिले के विकास में बैंकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं को दूर करना था।

बैठक में बताया गया कि जिले ने वार्षिक ऋण योजना के तहत दिसंबर 2025 तक 50 प्रतिशत यानी 2,30,615 लाख रुपये का लक्ष्य हासिल किया है। वहीं, जिले का औसत सीडी रेशियो 68 प्रतिशत दर्ज किया गया।

अपर समाहर्ता ने कम प्रदर्शन करने वाले बैंकों, विशेषकर आईडीबीआई और पीएनबी को जमा राशि के अनुपात में ऋण वितरण बढ़ाने के निर्देश दिए।

समीक्षा के दौरान यह भी सामने आया कि कुछ बैंकों का प्रदर्शन काफी कमजोर है। बैंक ऑफ महाराष्ट्र , केनरा बैंक और इंडियन बैंक को अपनी कार्यप्रणाली में सुधार लाने और ऋण वितरण में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।

प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में कृषि क्षेत्र में 61 प्रतिशत उपलब्धि दर्ज की गई, जबकि मत्स्य पालन में मात्र 0.27 प्रतिशत प्रगति पर चिंता जताई गई। पशुपालन क्षेत्र में 20 प्रतिशत उपलब्धि रही, जिसे बढ़ाने के लिए विशेष प्रयास करने को कहा गया। वहीं, एमएसएमई सेक्टर में 48 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त किया गया है।

मुद्रा लोन के तहत RSETI द्वारा भेजे गए 319 आवेदन लंबित पाए गए, जिन्हें शीघ्र स्वीकृत करने का निर्देश दिया गया।

सरकारी योजनाओं के तहत लंबित आवेदनों की समीक्षा में पीएमईजीपी के 113, पीएमएफएमई के 276, गव्य विकास के 161 और जीविका डेयरी के 28 आवेदन लंबित पाए गए। अपर समाहर्ता ने इन सभी आवेदनों का 15 दिनों के भीतर निपटारा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

बैठक में एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए सभी बैंक अधिकारियों ने सहमति जताई कि प्रत्येक माह के दूसरे सप्ताह के बुधवार को जिले के सभी प्रखंड मुख्यालयों पर ‘विशेष बैंकिंग कैंप’ आयोजित किए जाएंगे। इन कैंपों के माध्यम से आम लोगों को बैंकिंग योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ मौके पर ही ऋण और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

अपर समाहर्ता ने कहा कि बैंकों के बीच बेहतर समन्वय और त्वरित कार्रवाई से ही जिले के विकास को गति मिल सकती है।

हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र