ली अकादमी शताब्दी गौरव महोत्सव पर पूर्ववर्ती छात्रों के भा,निकली शोभायात्रा
अररिया, 18 जनवरी(हि.स.)।
फारबिसगंज के ली अकादमी के गौरवशाली सौ वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित दो दिवसीय कार्यक्रम के बहाने रविवार को दूर दराज क्षेत्र में रह रहे पूर्ववर्ती छात्र छात्राओं के भावनाओं का समागम हुआ।
शताब्दी गौरव महोत्सव के दूसरे दिन का आगाज शोभायात्रा से हुई।जिसमें 50- 60 के दशक से लेकर वर्तमान छात्र छात्राओं के साथ एनसीसी कैडेट्स और स्काउट के बच्चों ने भाग लिया।शोभायात्रा ली अकादमी स्कूल परिसर से निकलकर राजेंद्र चौक,स्टेशन चौक,सदर रोड,छुआपट्टी होते हुए पुनः राजेंद्र चौक से होते हुए ली अकादमी स्कूल परिसर में आकर समाप्त हुई।बंद बाजों के साथ शोभायात्रा में पूर्ववर्ती छात्र आगे आगे चल रहे थे और उसके पीछे वर्तमान समय के छात्र छात्राएं शामिल थे। यूं कहे कि शोभायात्रा में तीन पीढ़ी तक के छात्र शामिल हुए।प्रभारी प्रधानाध्यापिका नगमा रूही ने आगंतुक पूर्ववर्ती छात्र छात्राओं का स्वागत किया।वहीं सेवानिवृत शिक्षक मनोज मेहता ने ली अकादमी के गौरवशाली सौ वर्ष की उपलब्धियों को बताया।
ली अकादमी परिसर में वर्षों बाद मिले सहपाठी के साथ आलिंगन कर एक दूसरे का गर्मजोशी के साथ स्वागत किया।दूसरे दिन भावनाओं का संगम देखने को मिला।दूसरे दिन के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर बिहार विधान परिषद के उप नेता डॉ राजेन्द्र गुप्ता,विशिष्ट अतिथि के तौर स्थानीय विधायक मनोज विश्वास,जिला शिक्षा पदाधिकारी संजय कुमार,मुख्य पार्षद वीणा देवी के साथ पूर्ववर्ती छात्र रहे।मौके पर सेवानिवृत शिक्षकों को आयोजन समिति की ओर से सम्मानित किया गया।इससे पहले कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन कर किया गया।
दो दिवसीय कार्यक्रम के दूसरे दिन पूर्ववर्ती छात्रों और शिक्षकों के सम्मान में स्कूली छात्र छात्राओं के द्वारा एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी,जिसे मौजूद लोगों के द्वारा काफी सराहा गया।पूर्ववर्ती छात्रों ने भी अपनी भावनाओं का खुले मंच से इजहार किया। मुख्य अतिथि के तौर पर विधान परिषद के उप नेता डॉ राजेन्द्र गुप्ता ने कहा कि 42 वर्षों तक वे दो विश्वविद्यालय में प्राध्यापक पद पर रहने के लायक ली अकादमी स्कूल की देन है।उन्होंने अपने पूर्ववर्ती स्कूल के दिनों को याद किया और बताया कि किस तरह ली अकादमी स्कूल के शिक्षकों ने उन्हें इस लायक बनाया।उप नेता डॉ गुप्ता ने कहा कि न केवल उन्होंने बल्कि उनके पिताजी भी इसी स्कूल में पढ़ाई किए हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल कुमार ठाकुर

