सीमा सुरक्षा को लेकर जियापोखर पुलिस और एसएसबी अलर्ट, संयुक्त बैठक के बाद बॉर्डर पर फ्लैग मार्च
किशनगंज, 15 मई (हि.स.)। भारत-नेपाल सीमा से सटे क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से जियापोखर थाना पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के बीच शुक्रवार को महत्वपूर्ण समन्वय बैठक आयोजित की गई।
बैठक में सीमावर्ती इलाकों में बढ़ती गतिविधियों, घुसपैठ, तस्करी तथा अन्य संवेदनशील मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। यह संयुक्त बैठक जियापोखर थाना क्षेत्र अंतर्गत गिलहाबाड़ी स्थित एसएसबी कैंप में आयोजित हुई।
बैठक के दौरान दोनों सुरक्षा एजेंसियों ने सीमा क्षेत्र में आपसी समन्वय और खुफिया सूचनाओं के आदान-प्रदान को और मजबूत बनाने पर जोर दिया। अधिकारियों ने कहा कि सीमावर्ती इलाकों में किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए पुलिस और एसएसबी लगातार संयुक्त अभियान चलाएंगे।
बैठक के बाद जियापोखर थाना पुलिस और एसएसबी के जवानों ने भारत-नेपाल सीमा से जुड़े संवेदनशील इलाकों में संयुक्त फ्लैग मार्च और गश्ती अभियान चलाया। इस दौरान जवानों ने सीमा क्षेत्र के गांवों और प्रमुख मार्गों पर पैदल मार्च कर लोगों को सुरक्षा का भरोसा दिलाया। साथ ही संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखने और असामाजिक तत्वों के मंसूबों को विफल करने को लेकर रणनीति तैयार की गई।
संयुक्त गश्ती दल में एसएसबी के एएसआई निर्मल कुमार सिंह, एएसआई बलराम मंडल तथा जियापोखर थानाध्यक्ष गौतम कुमार सहित पुलिस पदाधिकारी और सशस्त्र बल के जवान शामिल रहे।
अधिकारियों ने कहा कि सीमा क्षेत्र में अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए नियमित रूप से संयुक्त बैठक और गश्ती अभियान चलाए जाएंगे। इसके साथ ही स्थानीय लोगों से भी संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों को देने की अपील की गई।
इस संयुक्त अभियान के बाद सीमावर्ती क्षेत्रों के ग्रामीणों में सुरक्षा का भाव मजबूत हुआ है। स्थानीय लोगों ने पुलिस और एसएसबी की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि लगातार गश्ती और निगरानी से सीमा क्षेत्र में अपराध और तस्करी की घटनाओं पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी।
हिन्दुस्थान समाचार / धर्मेन्द्र सिंह

