जनजातीय सांस्कृतिक समागम में अरुणाचल के 2715 लोग लेंगे हिस्सा
इटानगर, 22 मई (हि.स.)। कुल मिलाकर अरुणाचल प्रदेश से 2,715 प्रतिभागी 24 मई को लाल किला मैदान में आयोजित होने वाले जनजातीय सांस्कृतिक समागम में भाग लेने के लिए नाहरलागुन, तिनसुकिया और डिब्रूगढ़ रेलवे स्टेशनों से दिल्ली के लिए बीती रात रवाना हुए हैं।
यह विशाल जनजातीय सम्मेलन जनजातीय व्यक्तित्व भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है और इसमें देश भर के 500 से अधिक जनजातीय समुदायों का प्रतिनिधित्व करने वाले दो लाख से अधिक जनजातीय लोगों के भाग लेने की उम्मीद है।
अरुणाचल प्रदेश के स्वदेशी धर्म और सांस्कृतिक समाज के अध्यक्ष इमि रूमि ने आज इसकी जानकरी दी है।
उन्होंने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य जनजातीय समुदायों को एकजुट करना और जनजातीय एवं स्वदेशी पहचान के विरुद्ध अत्याचारों का विरोध करना है और आपने पहचान को बचा कर रखना, साथ ही विभिन्न समुदायों के बीच एकता को बढ़ावा देना है।
समागम का विषय है “तू-मैं एक रक्त, वनवासी, ग्रामवासी, नगरवासी, हम सब भारतवासी है।
हिन्दुस्थान समाचार / तागू निन्गी

