कोकराझार में सेवा संकल्प अभियान के तहत जिला स्तरीय ऋण मेला आयोजित
कोकराझार (असम), 04 अक्टूबर (हि.स.)। सेवा संकल्प अभियान के तहत कोकराझार जिला प्रशासन की ओर से रविवार को कोकराझार स्थित बोडोफा सांस्कृतिक परिसर सभागार में जिला स्तरीय ऋण मेला आयोजित किया गया। विभिन्न बैंकों एवं वित्तीय संस्थानों की सहभागिता से आयोजित कार्यक्रम में बीटीसी प्रमुख हग्रामा महिलारी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर विधायक सेउली महिलारी, विधायक रूपम चंद्र राय, ईएम देरहासात बसुमतारी एवं मून मून ब्रह्म, एमसीएलए धनेश्वर गयारी एवं सुकुर सिंह मुसाहारी, जिला आयुक्त पंकज चक्रवर्ती, यूनियन बैंक के डीजीएम, एलडीएम, एडीसी तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बीटीसी प्रमुख महिलारी ने जिला प्रशासन द्वारा बैंकों और आम जनता को एक मंच पर लाकर ऋण सुविधाओं तक पहुंच आसान बनाने की पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन क्षेत्र के लोगों की आजीविका एवं आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि आवश्यकता पड़ने पर बीटीसी सरकार हरसंभव सहयोग प्रदान करेगी। साथ ही उचित विचार-विमर्श एवं आवश्यक प्रक्रियाओं के बाद बीटीसी के अन्य जिलों में भी इसी प्रकार के ऋण मेलों के आयोजन का प्रयास किए जाने की बात कही।
महिलारी ने कहा कि ऋण योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए बैंकों के बीच बेहतर समन्वय, सरकारी विभागों की सक्रिय भूमिका तथा लाभार्थियों द्वारा ऋण राशि का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग आवश्यक है। उन्होंने लाभार्थियों से ऋण का सदुपयोग कर योजनाओं के निर्धारित उद्देश्यों को पूरा करने तथा अपनी आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में स्वागत भाषण देते हुए कोकराझार के जिला आयुक्त पंकज चक्रवर्ती ने बताया कि इस ऋण मेले में प्राथमिकता क्षेत्र के तहत कुल 50.27 करोड़ रुपये के ऋण स्वीकृत किए जा रहे हैं। उन्होंने सहभागी बैंकों एवं सभी संबंधित हितधारकों के सहयोग के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पात्र लाभार्थियों को संस्थागत ऋण उपलब्ध कराने और वित्तीय सहायता का उत्पादक उपयोग सुनिश्चित करने के लिए निरंतर समन्वय आवश्यक है।
जिला आयुक्त ने घोषणा की कि लोगों को ऋण सुविधाओं से व्यापक रूप से जोड़ने तथा बैंकों, सरकारी विभागों एवं आम जनता के बीच नियमित समन्वय बनाए रखने के उद्देश्य से भविष्य में प्रत्येक तीन महीने में ऋण मेले का आयोजन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में पर्याप्त मानव संसाधन एवं आर्थिक क्षमता मौजूद है, जिसे बेहतर वित्तीय पहुंच और उचित संस्थागत सहयोग के माध्यम से विकसित किया जा सकता है।
ऋण मेले में प्राथमिकता क्षेत्र के तहत कुल 50.27 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई। इसमें असम स्टेट रूरल लाइवलीहुड मिशन (एएसआरएलएम) के तहत 27.07 करोड़ रुपये, कृषि क्षेत्र में 5.28 करोड़ रुपये, डीआईसीसी के तहत 2.43 करोड़ रुपये, मत्स्य पालन एवं पशुपालन क्षेत्र में 1.20 करोड़ रुपये, पीएम सूर्य घर योजना के तहत 2.44 करोड़ रुपये तथा मुद्रा, पीएम स्वनिधी एवं अन्य प्राथमिकता क्षेत्र की योजनाओं के तहत 11.86 करोड़ रुपये शामिल हैं।
वहीं, गैर-प्राथमिकता क्षेत्र के तहत 22.94 करोड़ रुपये के ऋण स्वीकृत किए गए। इस प्रकार प्राथमिकता एवं गैर-प्राथमिकता दोनों क्षेत्रों को मिलाकर ऋण मेले में कुल 73.21 करोड़ रुपये के ऋण स्वीकृत किए गए।
इस अवसर पर बीटीसी प्रमुख हाग्रामा महिलारी ने विभिन्न लाभार्थियों के बीच ऋण स्वीकृति के चेक भी वितरित किए।
हिन्दुस्थान समाचार / किशोर मिश्रा

