नगांव में दो बांग्लादेशी महिलाओं की पहचान, डिटेंशन कैंप भेजा गया
नगांव (असम), 01 जून (हि.स.) । असम के जूरिया क्षेत्र में दो महिलाओं को विदेशी न्यायाधिकरण (फॉरेनर्स ट्रिब्यूनल) ने बांग्लादेशी नागरिक घोषित किया है। न्यायाधिकरण के आदेश के बाद दोनों महिलाओं को कानूनी प्रक्रिया पूरी कर डिटेंशन कैंप भेज दिया गया।
सोमवार को सामने आई जानकारी के अनुसार, ममताज बेगम और जहांआरा बेगम नामक दोनों महिलाएं सक्षम प्राधिकारी के समक्ष अपनी भारतीय नागरिकता साबित करने में असफल रहीं। इसके बाद विदेशी न्यायाधिकरण ने उन्हें विदेशी घोषित कर दिया और प्रशासन ने न्यायाधिकरण के निर्देशानुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए उन्हें डिटेंशन सेंटर में स्थानांतरित कर दिया।
राज्य में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की पहचान और उनके विरुद्ध कार्रवाई के लिए चलाए जा रहे अभियान के बीच यह मामला सामने आया है। अधिकारियों ने बताया कि नागरिकता और अवैध प्रवासन से जुड़े मामलों में लागू कानूनी प्रावधानों के तहत न्यायाधिकरण के आदेश को क्रियान्वित किया गया।
जूरिया क्षेत्र में इस कार्रवाई को लेकर व्यापक चर्चा है। स्थानीय प्रशासन का कहना है कि विदेशी न्यायाधिकरण के निर्देशों के अनुरूप पूरी प्रक्रिया का पालन करते हुए दोनों महिलाओं के खिलाफ आवश्यक कानूनी कदम उठाए गए हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / श्रीप्रकाश

