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पूसीरे के केंद्रीय अस्पताल में मनाया गया “विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस”

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पूसीरे के केंद्रीय अस्पताल में मनाया गया “विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस”


गुवाहाटी, 11 सितंबर (हि.स.)। पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे (पूसीरे) ने 10 सितंबर को मालीगांव स्थित केंद्रीय अस्पताल में 'विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस' के अवसर पर एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। पूसीरे के सीपीआरओ कपिंजल किशोर शर्मा ने आज बताया है कि इस कार्यक्रम में चिकित्सकों, नर्सिंग एवं पैरामेडिकल कर्मियों, शिक्षकों, अभिभावकों, नर्सिंग छात्रों, मरीजों और अस्पताल के अन्य कर्मचारियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम का मुख्य फोकस आत्महत्या की रोकथाम और समय पर मनोवैज्ञानिक सहायता के महत्व पर था।

कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए चिकित्सा निदेशक डॉ. बीपी डेका ने इस बात पर जोर दिया कि आत्महत्या की रोकथाम एक सामूहिक सामाजिक जिम्मेदारी है। उन्होंने रोजमर्रा की स्थितियों और लोकप्रिय फिल्म '3 इडियट्स' के उदाहरणों का हवाला देते हुए भावनात्मक परेशानी से जूझ रहे लोगों के प्रति ध्यान देने, उन्हें समझने और उनका साथ देने के महत्व को रेखांकित किया।

अकादमिक सत्रों के दौरान, मनोचिकित्सक डॉ. अनामिका फुकन ने आत्महत्या के बारे में सोच बदलना विषय पर अपनी बात रखी और आत्महत्या से जुड़ी आम गलतफहमियों, इसके प्रसार, जोखिम के कारकों और राष्ट्रीय व वैश्विक रुझानों पर चर्चा की। उन्होंने टेली-मानस और मनोदर्पण जैसी सरकारी पहलों पर भी प्रकाश डाला। क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट सुश्री शताक्षी मिश्रा ने बताया कि कैसे मानसिक परेशानी और शुरुआती चेतावनी के संकेत गंभीर स्थिति के पहुंचने तक अनदेखे रह सकते हैं।

उन्होंने घर, स्कूल और कार्यस्थल पर परेशानी को जल्दी पहचानने, समय पर कदम उठाने, सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार और प्रभावी बातचीत पर जोर दिया। मिर्जा इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिंग के नर्सिंग छात्रों ने भी भावनात्मक परेशानी, चेतावनी के संकेतों और उचित सहायता प्रदान करने के महत्व पर एक जागरूकता नाटक प्रस्तुत किया।

कार्यक्रम का समापन मुख्य स्टाफ सर्जन डॉ. माधवी गारलोसा बोडो के संबोधन के साथ हुआ। उन्होंने परेशानी को समय रहते पहचानने, बिना किसी पूर्वाग्रह के बात सुनने, सहायता प्रदान करने और प्रभावित लोगों को सही पेशेवर मदद से जोड़ने के महत्व पर जोर दिया। यह पहल मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और अपने सभी संस्थानों में सहानुभूतिपूर्ण एवं संवेदनशील माहौल बनाने के प्रति पूसीरे की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

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हिन्दुस्थान समाचार / अरविन्द राय