एनटीपीसी बंगाईगांव में संयुक्त आपदा प्रबंधन मॉक ड्रिल आयोजित
कोकराझार (असम), 08 सितम्बर (हि.स.)। एनटीपीसी बंगाईगांव में आपदा प्रबंधन को लेकर एक संयुक्त मॉक ड्रिल आयोजित की गई। एनटीपीसी बंगाईगांव के सहयोग से आयोजित इस अभ्यास में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआरपीएफ), राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ), स्थानीय पुलिस तथा एनटीपीसी अस्पताल की टीमों ने भाग लिया। मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा की स्थिति में विभिन्न एजेंसियों की तैयारियों, त्वरित प्रतिक्रिया और आपसी समन्वय का आकलन करना था।
अभ्यास का आयोजन एनटीपीसी बंगाईगांव के महाप्रबंधक (ओ एंड एम) अनुराग गुप्ता के मार्गदर्शन में तथा सीआईएसएफ कमांडेंट एलएन मैतेई के पर्यवेक्षण में किया गया। एनटीपीसी प्रबंधन के साथ सीआईएसएफ फायर विंग और सुरक्षा विंग के कर्मियों ने भी सक्रिय रूप से हिस्सा लिया।
मॉक ड्रिल के दौरान दो अलग-अलग आपदा परिदृश्यों का अभ्यास किया गया। पहले परिदृश्य में भूकंप के कारण न्यू सर्विस बिल्डिंग के ढहने और उसके अंदर सात लोगों के फंसे होने की स्थिति को प्रदर्शित किया गया। इसमें सभी संबंधित एजेंसियों ने संयुक्त रूप से खोज, बचाव और निकासी अभियान चलाया। फंसे हुए सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकालकर प्राथमिक उपचार एवं आगे के इलाज के लिए एनटीपीसी चिकित्सा दल को सौंपा गया।
दूसरे परिदृश्य में डूबने से संबंधित दो आपातकालीन स्थितियों का अभ्यास किया गया। एक व्यक्ति को बाढ़ जैसी स्थिति में फंसा हुआ, जबकि दूसरे को तालाब में डूबने की स्थिति में दर्शाया गया। बचाव दलों ने दोनों परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई करते हुए खोज, जल बचाव और प्रभावित व्यक्तियों को सुरक्षित निकालने की तकनीकों का प्रदर्शन किया।
पूरे अभ्यास के दौरान सभी एजेंसियों के बीच प्रभावी संचार और समन्वय देखने को मिला। मॉक ड्रिल के माध्यम से खोज एवं बचाव, निकासी, प्राथमिक उपचार तथा घायलों के प्रबंधन की तैयारियों और प्रतिक्रिया क्षमता का आकलन किया गया तथा आपदा के समय संयुक्त रूप से प्रभावी कार्रवाई करने की व्यवस्था को और मजबूत करने का अवसर मिला।
मॉक ड्रिल में कुल 117 कर्मियों ने हिस्सा लिया। इनमें एनडीआरएफ के 24, एसडीआरएफ के 9, एनटीपीसी अस्पताल के 6, एनटीपीसी प्रबंधन के 28, सीआईएसएफ फायर विंग के 28 तथा सीआईएसएफ सुरक्षा विंग के 22 कर्मी शामिल थे। इसके अलावा स्थानीय पुलिस के प्रतिनिधियों ने भी अभ्यास में भाग लिया।
संयुक्त मॉक ड्रिल सफलतापूर्वक संपन्न हुई। अभ्यास ने आपातकालीन एवं आपदा की परिस्थितियों में विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय के साथ त्वरित और प्रभावी ढंग से राहत एवं बचाव कार्य संचालित करने की उनकी क्षमता को प्रदर्शित किया।
हिन्दुस्थान समाचार / किशोर मिश्रा

